44 प्लेटफॉर्म्स और 67 ट्रैक्स, यह है दुनिया का सबसे बड़ा रेलवे स्टेशन, खूबसूरती ऐसी कि पूछो मत
Updated on
28 Jul 2023, 02:34 PM
नई दिल्ली : बात जब दुनिया के सबसे लंबे रेलवे प्लेटफॉर्म (World's Longest Railway Platform) की हो, तो यह खिताब भारत के पास है। कर्नाटक का हुबली रेलवे स्टेशन (Hubballi Railway Station) दुनिया का सबसे लंबा रेलवे प्लेटफॉर्म है। हुबली रेलवे स्टेशन पर 1507 मीटर लंबा प्लेटफॉर्म है। इससे पहले गोरखपुर रेलवे स्टेशन का प्लेटफॉर्म दुनिया का सबसे लंबाा रेलवे प्लेटफॉर्म था, जो अब दूसरे नंबर पर आ गया है। वहीं, जब बात दुनिया के सबसे बड़े रेलवे स्टेशन (World's Largest Railway Station) की हो, तो यह खिताब लंबे समय से ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल (Grand Central Terminal) के पास है। यह अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में है। इस रेलवे स्टेशन का निर्माण साल 1903 से 1913 के बीच किया गया था। इस रेलवे स्टेशन में 44 प्लेटफॉर्म्स हैं। यहां दो अंडरग्राउंड लेवल्स हैं। जहां 41 ट्रैक्स ऊपरी लेवल पर और 26 ट्रैक्स निचले लेवल पर हैं।
44 प्लेटफॉर्म्स वाला रेलवे स्टेशन
ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल में दो अंडरग्राउंड लेवल्स हैं। इस स्टेशन पर 41 ट्रैक्स ऊपरी लेवल पर और 26 ट्रैक्स निचले लेवल पर हैं। यह स्टेशन 48 एकड़ जमीन पर बना हुआ है। इस स्टेशन पर रोजाना औसतन 660 मेट्रो नॉर्थ ट्रेन्स गुजरती हैं और 1,25,000 यात्री सफर करते हैं। दुनिया का यह सबसे बड़ा रेलवे स्टेशन साल 1903 से 1913 के बीच बना था।
हर साल गुम हो जाते हैं 19,000 आइटम्स
इस ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल पर हर साल करीब 19,000 आइटम गुम हो जाते हैं। प्रशासन द्वारा इनमें से 60 फीसदी आइटम्स को उनके मालिकों के पास पहुंचा दिया जाता है। ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल काफी पुराना है। यह टर्मिनल उस समय खुला था, जब अमेरिका में ट्रेन से घूमना लग्जरी माना जाता था। यह टर्मिनल अमेरिका में आवागमन का सबसे बड़ा केंद्र है। साथ ही यह न्यूयॉर्क में घूमने की एक अच्छी जगह भी है। लोगों को टाइम्स स्क्वायर के बाद यही सबसे ज्यादा आकर्षित करता है।
यहां है एक सीक्रेट प्लेटफॉर्म
दुनिया के सबसे बड़े रेलवे स्टेशन में एक सीक्रेट प्लेटफॉर्म भी है। Waldorf Astoria होटल के ठीक नीचे यह सीक्रेट प्लेटफॉर्म है। ऐसा माना जाता है कि इस प्लेटफॉर्म का उपयोग राष्ट्रपति फ्रेंकलिन डी रूजवेल्ट द्वारा होटल से निकलने के लिए किया जाता था। इस सीक्रेट प्लेटफॉर्म का यूज कभी भी रेगुलर सर्विस के लिए नहीं किया गया है।