सीएम पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश में लव जिहाद की घटनाओं पर कहा कि पिछले कुछ महीनों में जमीनी स्तर पर इस तरह की घटनाओं में तेजी आई है। हम भाईचारे की भावना से जीते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि इस तरह की गलत हरकतों की अनुमति दी जाएगी। मैंने डीजीपी से कहा है कि वे मामले को देखें। एक रिपोर्ट तैयार करें और कार्रवाई करें। सीएम ने कहा कि हमने सभी से शांति बनाए रखने की अपील की है। किसी को भी पुरोला में या राज्य के किसी भी हिस्से में कानून व्यवस्था की स्थिति को बाधित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
सीएम ने दिखाया है सख्त रुख
प्रदेश में सांप्रदायिक तनाव जैसी स्थिति पर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने सख्त रुख दिखाया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि गलत काम करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। सभी डीएम और पुलिस अधिकारियों को इस मामले में नजर रखने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि पुरोला में लोगों से बात की गई है। हमने शांति बनाए रखने के लिए बार-बार अनुरोध किया गया है। एक भाजपा नेता सहित वक्फ बोर्ड के सदस्यों और अल्पसंख्यक समुदाय के गणमान्य लोगों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की। उन्होंने प्रदेश में मुसलमानों की सुरक्षा के लिए गुहार लगाई। इस संबंध में सीएम धामी ने कहा कि पहाड़ियों में लोग वर्षों से और कई पीढ़ियों से एक साथ रहते हैं।
सीएम धामी ने कहा कि हमने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि किसी को कोई नुकसान नहीं होगा। किसी के साथ गलत नहीं होने दिया जाएगा। सीएम ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल ने हमारे साथ बैठक में कुछ मुद्दों को उठाया है। हमने अधिकारियों को उन पर गौर करने का निर्देश दिया है।
डेमोग्राफिक चेंज भी दिया बड़ा जवाब
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड में डेमोग्राफिक चेंज के मुद्दे पर भी अपनी बात रखी है। दरअसल, इस मुद्दे को वे लंबे समय से उठाते रहे हैं। सीएम ने इस संबंध में कहा कि हमें उत्तराखंड में और विशेष रूप से पहाड़ियों में हो रहे डेमोग्राफिक चेंज पर इनपुट मिल रहे थे। पहाड़ियां खूबसूरत जगहों और शांति के लिए जानी जाती हैं। हालांकि, हमें इस मामले पर विचार करने के लिए मजबूर किया गया था। यह भी पता लगाने के लिए कि इन पॉकेट्स में लोगों की धार्मिक स्थिति में परिवर्तन का मकसद क्या है? उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में डेमोग्राफिक चेंज देखा गया है, उन इलाकों में कानून और व्यवस्था से संबंधित मुद्दों को भी देखा जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इसलिए हमने पुलिस से कहा है कि वे इस पर ध्यान दें। इसे गंभीरता से लें। अब से अन्य राज्यों से आने वाले और यहां बसने वाले लोगों का समुचित वेरिफिकेशन किया जाएगा। हम नहीं चाहते कि कोई भी गलत इरादे से राज्य में प्रवेश करे। पुलिस अधिकारियों को नियमित रूप से आधार सत्यापन अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है।











