ऐसी रही चांदी की स्थिति
चांदी में अभी भी मंदी है। बजट वाले दिन से लेकर अब तक इसमें सुधार नहीं आया है। शुक्रवार को भी इसमें 383 रुपये की गिरावट आई। इस गिरावट के साथ इसकी कीमत 82211 रुपये प्रति किलो रह गई है। बजट वाले दिन 23 जुलाई को सुबह चांदी की कीमत करीब 89 हजार रुपये प्रति किलो थी। बजट के बाद इसकी भी कीमत में 4 हजार रुपये प्रति किलो से ज्यादा की गिरावट आई। इस गिरावट के साथ चांदी की कीमत 84275 रुपये प्रति किलो तक आ गई थी। अभी भी चांदी की कीमत इस स्तर पर नहीं आई है।
चांदी में अभी भी मंदी है। बजट वाले दिन से लेकर अब तक इसमें सुधार नहीं आया है। शुक्रवार को भी इसमें 383 रुपये की गिरावट आई। इस गिरावट के साथ इसकी कीमत 82211 रुपये प्रति किलो रह गई है। बजट वाले दिन 23 जुलाई को सुबह चांदी की कीमत करीब 89 हजार रुपये प्रति किलो थी। बजट के बाद इसकी भी कीमत में 4 हजार रुपये प्रति किलो से ज्यादा की गिरावट आई। इस गिरावट के साथ चांदी की कीमत 84275 रुपये प्रति किलो तक आ गई थी। अभी भी चांदी की कीमत इस स्तर पर नहीं आई है।
क्यों आई सोने में तेजी?
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने की कीमत में तेजी देखी गई है। अमेरिका में मंदी के डर के कारण लोग सोने को बेहतर निवेश के रूप में देख रहे हैं। इससे भी सोने की कीमत में तेजी आई है। वहीं सोना सस्ता होने से इसकी मांग में काफी बढ़ोतरी होने लगी थी। सोने की कीमत बढ़ने का एक कारण यह भी रहा है।
एलकेपी सिक्योरिटीज के वाइस प्रेसिडेंट, रिसर्च एनालिस्ट - कमोडिटी एंड करेंसी, जतीन त्रिवेदी ने कहा कि कीमतों में तेजी बेरोजगारी के बढ़ते दावों और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बाद अमेरिका में मंदी की नई आशंकाओं के कारण आई है। इस कारण इसकी सुरक्षित निवेश के उद्देश्य से खरीदारी बढ़ गई है।
एचडीएफसी सिक्योरिटीज के कमोडिटी एंड करेंसी प्रमुख अनुज गुप्ता ने कहा कि अमेरिकी सेंट्रल बैंक फेड द्वारा ब्याज दरों में कटौती की संभावना अब 80% से अधिक है। ऐसे में सोने की कीमत में तेजी आई है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने की कीमत में तेजी देखी गई है। अमेरिका में मंदी के डर के कारण लोग सोने को बेहतर निवेश के रूप में देख रहे हैं। इससे भी सोने की कीमत में तेजी आई है। वहीं सोना सस्ता होने से इसकी मांग में काफी बढ़ोतरी होने लगी थी। सोने की कीमत बढ़ने का एक कारण यह भी रहा है।
एलकेपी सिक्योरिटीज के वाइस प्रेसिडेंट, रिसर्च एनालिस्ट - कमोडिटी एंड करेंसी, जतीन त्रिवेदी ने कहा कि कीमतों में तेजी बेरोजगारी के बढ़ते दावों और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बाद अमेरिका में मंदी की नई आशंकाओं के कारण आई है। इस कारण इसकी सुरक्षित निवेश के उद्देश्य से खरीदारी बढ़ गई है।
एचडीएफसी सिक्योरिटीज के कमोडिटी एंड करेंसी प्रमुख अनुज गुप्ता ने कहा कि अमेरिकी सेंट्रल बैंक फेड द्वारा ब्याज दरों में कटौती की संभावना अब 80% से अधिक है। ऐसे में सोने की कीमत में तेजी आई है।











