companiesmarketcap.com के मुताबिक इस लिस्ट में टॉप 10 में अमेरिका की आठ कंपनियां शामिल हैं। माइक्रोसॉफ्ट 3.126 ट्रिलियन डॉलर का मार्केट कैप के साथ पहले नंबर पर है। आईफोन बनाने वाली कंपनी ऐपल (2.647 ट्रिलियन डॉलर) दूसरे, सेमीकंडक्टर चिप बनाने वाली एनवीडिया (2.258 ट्रिलियन डॉलर) तीसरे, सऊदी अरामको (1.984 ट्रिलियन डॉलर) चौथे, गूगल की पेरेंट कंपनी अल्फाबेट (1.885 ट्रिलियन डॉलर) पांचवें, ऐमजॉन (1.873 ट्रिलियन डॉलर) छठे, मेटा प्लेटफॉर्म्स (1.237 ट्रिलियन डॉलर) सातवें, बर्कशायर हैथवे (909.25 अरब डॉलर) आठवें, एली लिली (739.65 अरब डॉलर) नौवें और ताइवान की TSMC (705.69 अरब डॉलर) दसवें नंबर पर है।
भारत की कंपनियां
इस लिस्ट में चीन की नौ कंपनियां शामिल हैं। Tencent 368.89 अरब डॉलर के मार्केट कैप के साथ 26वें नंबर पर है। इसी तरह Kweichow Moutai (296.29 अरब डॉलर) 33वें, आईसीबीसी (242.30 अरब डॉलर) 42वें, पेट्रोचाइना (240.38 अरब डॉलर) 45वें, एग्रीकल्चर बैंक ऑफ चाइना (200.01 अरब डॉलर) 59वें, चाइना मोबाइल (188.82 अरब डॉलर) 65वें, अलीबाबा (180.90 अरब डॉलर) 70वें, अलीबाबा (162.48 अरब डॉलर) 77वें, चाइना कंस्ट्रक्शन बैंक (154.93 अरब डॉलर) 84वें और Pinduoduo (154.44 अरब डॉलर) 85वें नंबर पर है। फ्रांस की पांच कंपनिया LVMH, Hermès, L'Oréal, TotalEnergies और Dior दुनिया की टॉप 100 कंपनियों में शामिल हैं।यूके यानी ब्रिटेन की बात करें तो वहां की चार कंपनियों को इस लिस्ट में जगह मिली है। इनमें Linde, शेल, एस्ट्राजेनेका और एचएसबीसी शामिल हैं। इस लिस्ट में शामिल भारतीय कंपनियों में रिलायंस सबसे ऊपर है। 241.31 अरब डॉलर के मार्केट कैप के साथ मुकेश अंबानी की कंपनी इस लिस्ट में 43वें नंबर पर है। देश की सबसे बड़ी आईटी कंपनी टीसीएस (TCS) 168.32 अरब डॉलर के साथ 75वें नंबर पर है। इसी तरह एचडीएफसी बैंक 141.73 अरब डॉलर की नेटवर्थ के साथ इस लिस्ट में 98वें नंबर पर है। इस लिस्ट में यूरोप के छोटे से देश स्विट्जरलैंड की भी तीन कंपनियां शामिल हैं।











