बैठक को लेकर भेजा गया पत्र
CBT की 235वीं बैठक को लेकर सामाजिक सुरक्षा संगठन की ओर से बोर्ड के सभी सदस्यों को पत्र भेजा गया है। इसमें बैठक में उनसे उपस्थित रहने का अनुरोध किया गया है। इस मामले से जुड़े लोगों के मुताबिक, ईपीएफ सदस्यों द्वारा की गई निकासी ईपीएफ खातों से मिले अंशदान और साल के दौरान हुई आमदनी के आधार पर ब्याज निर्धारित किया जाता है। पिछले साल 28 मार्च को ईपीएओ ने कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) खातों पर वित्त वर्ष 2022-23 के लिए 8.15 प्रतिशत ब्याज देने की घोषणा की थी। वित्त वर्ष 2022-23 में वितरण के लिए 90,497.57 करोड़ रुपये नेट इनकम उपलब्ध थी और सदस्यों के खातों में ब्याज डाले जाने के बाद 663.91 करोड़ रुपये अधिशेष का अनुमान लगाया गया था।
इनपर भी होगी चर्चा
रिपोर्ट के मुताबिक, अब तक बैठक होने के बाद जल्द से जल्द ब्याज दरों की घोषणा की जाती रही है। इस बार अभी साफ नहीं है कि सार्वजनिक रूप से ब्याज दर की घोषणा की जाएगी या नए दिशानिर्देशों के मुताबिक वित्त मंत्रालय से अनुमति के बाद इसकी घोषणा होगी। पिछले साल जुलाई में श्रम मंत्रालय ने CBT से कहा था कि वह वित्त मंत्रालय की पूर्व अनुमति के बगैर वित्त वर्ष 2023-24 के ब्याज दरों की सार्वजनिक रूप से घोषणा न करे। इसके अलावा सीबीटी में ज्यादा पेंशन को लेकर उच्चतम न्यायालय के आदेश को लागू करने, EPFO में खाली पदों पर भर्ती और EPFO कर्मचारियों के स्थानांतरण को लेकर भी चर्चा हो सकती है।











