एंप्लॉयीज पेंशन स्कीम 1995 के तहत CPPS से यह बदलाव आएगा कि पेंशनभोगियों को पेंशन शुरू होते समय वेरिफिकेशन के लिए बैंक नहीं जाना होगा और पेंशन भी जारी होते ही उनके खाते में पहुंच जाएगी। अभी EPFO के हर जोनल या रीजनल ऑफिस का 3-4 बैंकों से ही करार है और उनके जरिए ही यह काम होता है। CPPS लागू होने पर पेंशनर के एक से दूसरे शहर में जाने या बैंक या ब्रांच बदलने पर भी पेंशन पेमेंट ऑर्डर ट्रांसफर करने की जरूरत नहीं होगी और पूरे देश में किसी भी बैंक ब्रांच से पेंशन मिल सकेगी।
नए सिस्टम से 49 हजार पेंशनर्स को मिली पेंशन, अक्टूबर में 11 हजार करोड़ रुपये दिए गए
नई दिल्ली: अगले साल पहली जनवरी से लागू किए जाने वाले सेंट्रलाइज्ड पेंशन पेमेंट्स सिस्टम (CPPS) के पायलट रन के तहत अक्टूबर में जम्मू, श्रीनगर और करनाल इलाकों के 49000 से अधिक EPS पेंशनधारकों को लगभग 11 करोड़ रुपये पेंशन के रूप में दिए गए। श्रम और रोजगार मंत्री मनसुख मांडविया ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
एंप्लॉयीज पेंशन स्कीम 1995 के तहत CPPS से यह बदलाव आएगा कि पेंशनभोगियों को पेंशन शुरू होते समय वेरिफिकेशन के लिए बैंक नहीं जाना होगा और पेंशन भी जारी होते ही उनके खाते में पहुंच जाएगी। अभी EPFO के हर जोनल या रीजनल ऑफिस का 3-4 बैंकों से ही करार है और उनके जरिए ही यह काम होता है। CPPS लागू होने पर पेंशनर के एक से दूसरे शहर में जाने या बैंक या ब्रांच बदलने पर भी पेंशन पेमेंट ऑर्डर ट्रांसफर करने की जरूरत नहीं होगी और पूरे देश में किसी भी बैंक ब्रांच से पेंशन मिल सकेगी।
यह एक पेंशन योजना है। इससे पेंशनर्स को देश में किसी भी बैंक शाखा से अपनी पेंशन प्राप्त करने की सुविधा मिलती है। CPPS के तहत पेंशनर्स को बैंक बदलने या अकाउंट ट्रांसफर करने पर पेंशन के लिए बैंकों के चक्कर नहीं लगाने होंगे। पेंशनर्स इसके जरिए देश में किसी बैंक और किसी भी ब्रांच से अपनी पेंशन ले सकेंगे।
मौजूदा व्यवस्था के तहत हर जोनल/क्षेत्रीय कार्यालय के पास केवल 3-4 बैंकों के साथ अलग-अलग समझौते होते हैं। CPPS के तहत पेंशनभोगियों को पेंशन शुरू होने के समय किसी भी सत्यापन के लिए शाखा में जाने की आवश्यकता नहीं होगी और पेंशन तुरंत क्रेडिट कर दी जाएगी। मतलब कि CPPS मौजूदा पेंशन वितरण प्रणाली से एक महत्वपूर्ण बदलाव है।
CPPS के जरिए पेंशन पूरे भारत में बिना किसी पेंशन पेमेंट ऑर्डर के एक कार्यालय से दूसरे कार्यालय में ट्रांसफर के बिना दी जाएगी। फिर चाहे पेंशनभोगी एक स्थान से दूसरे स्थान पर चले जाएं या अपना बैंक या शाखा बदलें। यह उन पेंशनभोगियों के लिए एक बड़ी राहत होगी जो रिटायरमेंट के बाद अपने गृह नगर चले जाते हैं।
एंप्लॉयीज पेंशन स्कीम 1995 के तहत CPPS से यह बदलाव आएगा कि पेंशनभोगियों को पेंशन शुरू होते समय वेरिफिकेशन के लिए बैंक नहीं जाना होगा और पेंशन भी जारी होते ही उनके खाते में पहुंच जाएगी। अभी EPFO के हर जोनल या रीजनल ऑफिस का 3-4 बैंकों से ही करार है और उनके जरिए ही यह काम होता है। CPPS लागू होने पर पेंशनर के एक से दूसरे शहर में जाने या बैंक या ब्रांच बदलने पर भी पेंशन पेमेंट ऑर्डर ट्रांसफर करने की जरूरत नहीं होगी और पूरे देश में किसी भी बैंक ब्रांच से पेंशन मिल सकेगी।











