कहां से आया आंकड़ा
बेरोजगारी से जुड़ा यह आकंड़ा राष्ट्रीय नमूना सर्वेक्षण कार्यालय (National Sample Survey Office) की ओर से जारी किया गया है। इसके आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण (Periodic Labour Force Survey) वार्षिक रिपोर्ट 2022-2023 के अनुसार जुलाई 2022 से जून 2023 के बीच राष्ट्रीय स्तर पर 15 वर्ष और उससे अधिक आयु के लोगों के लिए सामान्य स्थिति (Usual Status) में बेरोजगारी दर (यूआर) 2021-22 में 4.1 प्रतिशत से घटकर 2022-23 में 3.2 प्रतिशत हो गई। यह बेरोजगारी की दर साल 2020-21 में 4.2 फीसदी, 2019-20 में 4.8 फीसदी, 2018-19 में 5.8 फीसदी और साल 2017-18 में छह फीसदी थी।
सामान्य स्थिति का क्या है मतलब
सामान्य स्थिति का मतलब है कि रोजगार, (किसी व्यक्ति की स्थिति) सर्वेक्षण की तारीख से पहले के 365 दिन के आधार पर निर्धारित किया गया है। आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण (पीएलएफएस) के सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार बेरोजगारी दर 2020-21 में 4.2 प्रतिशत, 2019-20 में 4.8 प्रतिशत, 2018-19 में 5.8 प्रतिशत और 2017-18 में छह प्रतिशत थी।
अप्रैल 2017 से आ रहे हैं ये आंकड़े
समय अंतराल पर श्रम बल आंकड़े उपलब्ध होने के महत्व को ध्यान में रखते हुए एनएसएसओ ने अप्रैल 2017 में आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण (पीएलएफएस) शुरुआत की थी। रिपोर्ट के अनुसार, ‘‘ ग्रामीण क्षेत्रों में 2017-18 में बेरोजगारी दर 5.3 प्रतिशत से घटकर 2022-23 में 2.4 प्रतिशत हो गई। शहरी क्षेत्रों के लिए यह 7.7 प्रतिशत से घटकर 5.4 प्रतिशत हो गई।’’ सर्वेक्षण में सामने आया, ‘‘ भारत में पुरुषों में बेरोजगारी दर 2017-18 में 6.1 प्रतिशत से घटकर 2022-23 में 3.3 प्रतिशत हो गई। महिलाओं में बेरोजगारी दर 5.6 प्रतिशत से घटकर 2.9 प्रतिशत रही।’’











