आध्यात्मिक साधना से पृथ्वी के भौतिक रहस्य जान सकते हैं*

आध्यात्मिक साधना से पृथ्वी के भौतिक रहस्य जान सकते हैं*
मानव जाती यदि प्रकृति के नियम और आध्यात्मिकता से रहती तो शायद नाही देशो की सीमाए बनती नाही कोई युद्ध होता, लेकिन मानव जाति ने अपनी बुद्धि का अलग तरीके से उपयोग किया और उसे भौतिकता, विलासिता, आधुनिकता और सुविधा पर सुविधा बनाने पर पूरी ऊर्जा खर्च कर दी जीवन जीने की दिशा ही बदल दी, नतीजा यह रहा कि मैं सर्वश्रेष्ठ की भावना होने से देश अपने आप को सर्वशक्तिमान बनाने में लग गए आपस में एक दूसरे पर कब्जा करने के लिए युद्ध होने लगे, अपना आपको बड़ा बताने के लिए क्या-क्या नहीं हो रहा है। *हम देख रहे हैं यदि मानव जाति आध्यात्मिक पर जाते तो युद्ध नही होते भौतिकता के कारण युद्ध हो रहे हैं* , जिंदगी जटिल हो रही है। पृथ्वी पर बढ़ती आबादी और कांकरीट जंगल बनने से प्राकृतिक आपदाएं भी अनेक हो रही है जलवायु परिवर्तन हो रहे हैं ग्लोबल वार्मिंग हो रही है यह सभी विनाश को बढ़ावा देंगे।
 *आध्यात्मिक साधना पर जाते तो शायद प्रकृति के रहस्य समझ पाते और जीव जंतु की उत्पत्ति या मानव उत्पत्ति का विषय समझ पाते।* आयुर्वेदिक वनस्पति ज्ञान से भी हम प्रकृति के कई रहस्य जान सकेंगे जो हमारी उत्पत्ति के कारक है।
अशोक मेहता, इंदौर (लेखक, पत्रकार, पर्यावरणविद्)
Advertisement