नेक्सन कार बनाने वाली इस कंपनी ने सितंबर तिमाही के लिए 76,170 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया। यह लाभ मुख्य रूप से कंपनी के हालिया डीमर्जर से अलग की गई संपत्तियों की बिक्री से हुए 82,616 करोड़ रुपये के असाधारण लाभ के कारण था। पिछले साल इसी तिमाही में लाभ 3,446 करोड़ रुपये था। अगर इन असाधारण लाभों को हटा दिया जाए तो टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (PV) को सितंबर तिमाही में 6,370 करोड़ रुपये का घाटा हुआ।
बाजार खुलते ही गिर गया टाटा ग्रुप का यह शेयर, जान लीजिए असली वजह
नई दिल्ली: टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स का शेयर आज बाजार खुलते ही एनएसई पर 7% तक गिरकर 363 रुपये पर आ गया। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि कंपनी ने 30 सितंबर को समाप्त तिमाही के लिए कमजोर नतीजे घोषित किए और अपनी लग्जरी कार कंपनी जगुआर लैंड रोवर (JLR) के लिए अपने अनुमानों में कटौती की है। बीएसई पर यह 363.15 रुपये तक गिर गया था। इसका 52 हफ्ते का उच्चतम स्तर 507.97 रुपये और न्यूनतम स्तर 335.30 रुपये है।
नेक्सन कार बनाने वाली इस कंपनी ने सितंबर तिमाही के लिए 76,170 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया। यह लाभ मुख्य रूप से कंपनी के हालिया डीमर्जर से अलग की गई संपत्तियों की बिक्री से हुए 82,616 करोड़ रुपये के असाधारण लाभ के कारण था। पिछले साल इसी तिमाही में लाभ 3,446 करोड़ रुपये था। अगर इन असाधारण लाभों को हटा दिया जाए तो टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (PV) को सितंबर तिमाही में 6,370 करोड़ रुपये का घाटा हुआ।कंपनी का प्रदर्शन
इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू 71,714 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्तीय वर्ष की इसी तिमाही के 82,841 करोड़ रुपये से 13% कम है। टाटा मोटर्स के पैसेंजर व्हीकल्स सेगमेंट ने 4,900 करोड़ रुपये का नकारात्मक EBIT दर्ज किया, जो पिछले साल की तुलना में 8,800 करोड़ रुपये कम है। कंपनी ने बताया कि जगुआर लैंड रोवर (JLR) में हुए साइबर हमले का कंपनी के प्रदर्शन पर काफी असर पड़ा। कंपनी ने अपनी लग्जरी कार यूनिट जगुआर लैंड रोवर (JLR) के लिए EBIT मार्जिन का अनुमान 5% से 7% से घटाकर केवल 0% से 2% कर दिया है।
नेक्सन कार बनाने वाली इस कंपनी ने सितंबर तिमाही के लिए 76,170 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया। यह लाभ मुख्य रूप से कंपनी के हालिया डीमर्जर से अलग की गई संपत्तियों की बिक्री से हुए 82,616 करोड़ रुपये के असाधारण लाभ के कारण था। पिछले साल इसी तिमाही में लाभ 3,446 करोड़ रुपये था। अगर इन असाधारण लाभों को हटा दिया जाए तो टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (PV) को सितंबर तिमाही में 6,370 करोड़ रुपये का घाटा हुआ।











