भोपाल। मिसरोद थाना क्षेत्र के जाटखेड़ी में छठवीं कक्षा की एक छात्रा ने घर में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। पुलिस को उसके पास एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें उसने लिखा है कि मम्मी-पापा मुझे माफ कर देना, पढ़ाई समझ में नहीं आती है। आप लोग मुझे अच्छे से रहने और पढ़ाई करने के लिए बोलते हो, लेकिन हम जिंदा रहकर क्या करेंगे। पुलिस ने सुसाइड नोट जब्त कर लिया है और मर्ग कायमी के बाद जांच शुरू कर दी है।
काम पर गए थे माता-पिता
मिसरोद पुलिस के मुताबिक अंजली बाघमारे (12) जाटखेड़ी झुग्गी बस्ती में रहती थी और कक्षा छठवीं में पढ़ती थी। उसके पिता निजी काम करते हैं, जबकि मां हाउसकीपिंग का काम करती है। गुरुवार सुबह पिता छोटे भाई को लेकर काम पर चले गए, जबकि मां भी अपनी ड्यूटी पर चली गई थी। अंजली घर पर अकेली थी। दोपहर करीब एक बजे मां घर पहुंची तो अंजली फांसी के फंदे पर लटकी मिली। यह देख मां की चीख निकल गई और उसने शोर मचाकर आसपास के लोगों को बुलाया। लोगों की मदद से बालिका को नीचे उतारकर इलाज के लिए एम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने कुछ देर बाद ही उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका के पास मिले सुसाइड नोट की जांच की जा रही है।











