पिछले रणजी सत्र में भी बजा था ध्रुव शोरे का डंका
यह 31 साल का खिलाड़ी पिछले रणजी ट्राफी सत्र में चौथा सर्वाधिक रन जुटाने वाला खिलाड़ी बना था और दिन में खेली गई उनकी पारी के दौरान उनके इस अनुभव की झलक दिखायी दी। पूर्वोत्तर ने टॉस जीतकर क्षेत्ररक्षण का फैसला किया। शोरे ने हालांकि उसके तेज गेंदबाज जोतिन सिंह, पालजोर तमांग और दिप्पू संगमा के खिलाफ क्रीज पर जमने में अपना समय लिया। पूर्वोत्तर के तेज गेंदबाजों को पिच से कुछ मदद मिल रही थी लेकिन वे शोरे और उनके सलामी बल्लेबाज प्रशांत चोपड़ा को अपनी तेज गेंदबाजी से जल्दी आउट नहीं कर सके।धीमी शुरुआत के बाद बरसाए रन
पहले 15 ओवर में उत्तर क्षेत्र की टीम महज 29 रन ही बना सकी। लेकिन एक बार परिस्थितियों और गेंदबाजों को समझने के बाद इन दोनों बल्लेबाजों ने स्वच्छंद खेल दिखाया जिससे रन गति तेज हो गई। उत्तर क्षेत्र ने लंच तक 34 ओवर में दो विकेट गंवाकर 115 रन बना लिए थे और ये दोनों विकेट बल्लेबाजों की गलतियों से गिरे। चोपड़ा ने जोतिन की गेंद को छोड़ने का प्रयास किया लेकिन वह इसमें फुर्तीले नहीं रहे और आउट हो गए।
बाएं हाथ के बल्लेबाज अंकित कलसी भी जोतिन की गेंद को समझ नहीं सके और बिना रन बनाए पवेलियन लौट गए। लंच के बाद के सत्र में भी पूर्वोत्तर ने दो विकेट झटक लिए जिसमें प्रभसिमरन सिंह ने इमलीवती लेमतूर के खिलाफ आक्रामक होने की कोशिश की जिससे वह किशन मिएताम को कैच दे बैठे। कुछ देर बाद अंकित कुमार को संगमा ने आउट किया जिससे 46वें ओवर में उत्तर क्षेत्र का स्कोर चार विकेट पर 162 रन हो गया।
पहले 15 ओवर में उत्तर क्षेत्र की टीम महज 29 रन ही बना सकी। लेकिन एक बार परिस्थितियों और गेंदबाजों को समझने के बाद इन दोनों बल्लेबाजों ने स्वच्छंद खेल दिखाया जिससे रन गति तेज हो गई। उत्तर क्षेत्र ने लंच तक 34 ओवर में दो विकेट गंवाकर 115 रन बना लिए थे और ये दोनों विकेट बल्लेबाजों की गलतियों से गिरे। चोपड़ा ने जोतिन की गेंद को छोड़ने का प्रयास किया लेकिन वह इसमें फुर्तीले नहीं रहे और आउट हो गए।
बाएं हाथ के बल्लेबाज अंकित कलसी भी जोतिन की गेंद को समझ नहीं सके और बिना रन बनाए पवेलियन लौट गए। लंच के बाद के सत्र में भी पूर्वोत्तर ने दो विकेट झटक लिए जिसमें प्रभसिमरन सिंह ने इमलीवती लेमतूर के खिलाफ आक्रामक होने की कोशिश की जिससे वह किशन मिएताम को कैच दे बैठे। कुछ देर बाद अंकित कुमार को संगमा ने आउट किया जिससे 46वें ओवर में उत्तर क्षेत्र का स्कोर चार विकेट पर 162 रन हो गया।
शोरे और निशांत के बीच 80 रनों की धांसू साझेदारी
शोरे और निशांत ने पांचवें विकेट के लिए करीब 22 ओवर में 80 रन की साझेदारी की जिससे उत्तर क्षेत्र की टीम से दबाव थोड़ा कम हुआ। बाएं हाथ के स्पिनर किशन सिंघा ने दो गेंद में दो विकेट झटक लिए जिसमें शोरे और कप्तान जयंत यादव का विकेट शामिल था जिससे स्कोर छह विकेट पर 242 रन हो गया। करीब 30 ओवर बचे थे, निशांत और पुलकित नांगर ने सातवें विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी कर टीम को संभालने में मदद की जिससे खराब रोशनी के कारण खेल रोके जाने तक उत्तर क्षेत्र अच्छी स्थिति में पहुंच गई थी।
शोरे और निशांत ने पांचवें विकेट के लिए करीब 22 ओवर में 80 रन की साझेदारी की जिससे उत्तर क्षेत्र की टीम से दबाव थोड़ा कम हुआ। बाएं हाथ के स्पिनर किशन सिंघा ने दो गेंद में दो विकेट झटक लिए जिसमें शोरे और कप्तान जयंत यादव का विकेट शामिल था जिससे स्कोर छह विकेट पर 242 रन हो गया। करीब 30 ओवर बचे थे, निशांत और पुलकित नांगर ने सातवें विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी कर टीम को संभालने में मदद की जिससे खराब रोशनी के कारण खेल रोके जाने तक उत्तर क्षेत्र अच्छी स्थिति में पहुंच गई थी।











