ताहिर हुसैन ने अपने बयान में कहा, 'भारत ने लगातार सार्क की प्रक्रिया को बाधित किया है। भारत का यह रवैया दुखद है लेकिन पाकिस्तान को उम्मीद है कि सार्क प्रक्रिया जल्द ही फिर से शुरू होगी।' हुसैन का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार की ओर से सार्क जैसा एक नया गुट बनाने की कोशिश हो रही है। पाकिस्तान की कोशिश भारत के बिना एशियाई देशों का एक संगठन बनाने की है।
भारत ने SAARC में बाधा डाली... बांग्लादेश का मिला साथ तो पाकिस्तान ने फिर उगला जहर, चीन संग मिलकर नया गुट बनाने की तैयारी
इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने कहा है कि भारत के रवैये की वजह से दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन (SAARC) तकरीबन निष्क्रिय हो गया है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि ये गुट दक्षिण एशिया के देशों के लिहाज से अहम है लेकिन भारत ने इसे कमजोर किया है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर हुसैन अंदराबी ने गुरुवार को सार्क पर हुए सवाल के जवाब में इस गुट के घटती अहमियत के लिए भारत को जिम्मेदार ठहराया है। यह बयान ऐसे समय आया है, जब बांग्लादेश और चीन की मदद से पाकिस्तान एक नया गुट बनाने की कोशिश में लगा है।
ताहिर हुसैन ने अपने बयान में कहा, 'भारत ने लगातार सार्क की प्रक्रिया को बाधित किया है। भारत का यह रवैया दुखद है लेकिन पाकिस्तान को उम्मीद है कि सार्क प्रक्रिया जल्द ही फिर से शुरू होगी।' हुसैन का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार की ओर से सार्क जैसा एक नया गुट बनाने की कोशिश हो रही है। पाकिस्तान की कोशिश भारत के बिना एशियाई देशों का एक संगठन बनाने की है।
सार्क से निष्क्रिय होने के बाद हालिया महीनों में पाकिस्तान ने क्षेत्र में एक नया गुट बनाने की कोशिश की है। पाकिस्तान चाहता है कि एशिया के इस क्षेत्र में भारत के बगैर एक मजबूत मोर्चा बनाया जाए। पाकिस्तान इसमें खासतौर से चीन और बांग्लादेश का साथ चाहता है। यह पाकिस्तान की ओर से भारत की क्षेत्रीय अहमियत घटाने की कोशिश है।
ताहिर हुसैन ने अपने बयान में कहा, 'भारत ने लगातार सार्क की प्रक्रिया को बाधित किया है। भारत का यह रवैया दुखद है लेकिन पाकिस्तान को उम्मीद है कि सार्क प्रक्रिया जल्द ही फिर से शुरू होगी।' हुसैन का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार की ओर से सार्क जैसा एक नया गुट बनाने की कोशिश हो रही है। पाकिस्तान की कोशिश भारत के बिना एशियाई देशों का एक संगठन बनाने की है।











