'भारत ने 13 लोगों को जबरन धकेला', बांग्लादेश की BGB का BSF पर आरोप, अब 'नो मैन्स लैंड' में फंसे सभी
ढाका: बांग्लादेश ने भारत के सीमा सुरक्षा बल (BSF) पर 13 अवैध घुसपैठियों को जबरन उसकी सीमा में धकेलने का आरोप लगाया है। बांग्लादेश की सीमा की निगरानी करने वाले बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (BGB) ने कहा है कि BSF ने 13 लोगों को जशोर के शारशा उपजिला में सादीपुर की सीमा के रास्ते बांग्लादेश में धकेलने की कोशिश की है। BGB ने आगे कहा कि उसने तुरंत ऐक्शन लेते हुए इस समूह को देश में घुसने से रोक दिया है।
नो मैन्स लैंड में फंसे 13 लोग
बीजीबी ने बताया कि उसके रोके जाने के बाद यह समूह अब बॉर्डर पर मौजूद नौ मैंस लैंड पर फंस गया है और खुले आसमान के नीचे रह रहा है। नौ मैन्स लैंड दो देशों के बॉर्डर के बीच का वह इलाका होता है, जिस पर किसी का अधिकार क्षेत्र नहीं होता है। बांग्लादेशी मीडिया रिपोर्ट में BGB के हवाले से बताया गया है कि सोमवार शाम तक यह समूह खुले में देखा गया। किसी भी देश ने उन्हें सीमा पार करने की इजाजत नहीं दी है।BGB और BSF की फ्लैग मीटिंग
बांग्लादेश के मीडिया आउटलेट प्रथम आलो ने बताया कि घटना के बाद सोमवार शाम को दोनों देशों की बॉर्डर फोर्स के बीच फ्लैग मीटिंग हुई है, जिसमें यह मुद्दा उठाया गया। जशोर-49 बीजीबी बटालियन के कमांडिंग अफसर ने बताया कि फ्लैग मीटिंग के दौरान भारत को साफ बता दिया गया है कि इन लोगों को बांग्लादेश में घुसने नहीं दिया जाएगा।
जबरन धकेले जाने का विरोध
सैफुल आलम ने आगे कहा कि बीएसएफ को बता दिया गया है कि अगर वे लोग बांग्लादेशी नागरिक हैं, तो उन्हें सही तरीके से सरकारी प्रक्रिया के तहत भेजा जाना चाहिए। ऐसा होने पर हम उन्हें स्वीकार कर लेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि गैर-कानूनी तरीके से सीमा पार धकेलने की कोई कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। "हम किसी को भी अवैध रूप से बांग्लादेश की जीरो लाइन पार करने की इजाजत नहीं देंगे।"











