कांग्रेस में इमरान लंबे वक्त तक रहे और राष्ट्रीय सचिव तक की जिम्मेदारी संभाली। जब समाजवादी पार्टी में गए तो वहां महज 274 दिन रहे। इसके बाद इमरान बहुजन समाज पार्टी में शामिल हुए और अब 316 दिन बाद पार्टी ने ही उनसे नमस्ते कर लिया है। इसके पीछे वजह यह बताई जाती है कि वह 2024 आम चुनाव के मद्देनजर खुद ही अलग होने की पटकथा लिख चुके थे। इसकी आहट BSP को हो गई तो उसने तुरंत उन्हें पार्टी से निकाल दिया। अब इमरान की कांग्रेस में घर वापसी होगी या वह राष्ट्रीय लोकदल में एंट्री लेने जा रहे हैं, सियासी गलियारों में इस पर अटकलबाजी चल रही है। कहते हैं कि पाला बदलने से पहले किस पार्टी के साथ अगली पारी खेलनी है, इसकी भूमिका इमरान पहले से ही बना लेते हैं।
कई बार हारकर भी मैदान में टिके इमरान मसूद, जानिए क्या है हर पार्टी की वेस्ट यूपी में पसंद बनने का बड़ा कारण
सहारनपुर: वेस्ट यूपी के सहारनपुर से चुनाव लड़ने वाले इमरान मसूद को BSP ने पार्टी से निकाल दिया। इमरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बड़े मुस्लिम चेहरों में गिने जाते हैं। चर्चा है कि अब वह INDIA गठबंधन के किसी दल का दामन थाम सकते हैं। एक के बाद एक चुनाव हारने के बावजूद इमरान मसूद को वेस्ट यूपी की सियासत में बड़ी ताकत माना जाता है। इस इलाके के सहारनपुर जिले के बड़े सियासी खानदान ‘काजी’ से ताल्लुक रखने वाले इमरान अक्सर सियासी फायदे के लिए पार्टियां बदलते रहे हैं। इससे पहले वह कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को भी अलविदा कह चुके हैं।











