इस साल सोने की कीमत में करीब 20 फीसदी तेजी आई है। दुनिया के विभिन्न हिस्सों में राजनीतिक अस्थिरता, युद्ध और आर्थिक अस्थिरता के कारण सोने की कीमत में तेजी आई है। दुनिया पर जब भी मुसीबत आती है तो सोने की चमक बढ़ जाती है। इसकी वजह यह है कि दुनिया में अनिश्चितता बढ़ने पर निवेशक सुरक्षित निवेश के लिए सोने का रुख करता है। साथ ही कई देशों के सेंट्रल बैंकों ने हाल में सोने की जमकर खरीदारी की है। इससे सोने की कीमत में तेजी आई है।
किसने खरीदा सोना?
सोने की कीमत में साल 2020 से साल 2025 तक 5 साल के दौरान 265% फीसदी तेजी आई। इस दौरान चीन, पोलैंड, तुर्की और भारत समेत कई देशों के सेंट्रल बैंकों ने सोने की जमकर खरीदारी की। सोना खरीदने में चीन सबसे आगे है। उसने पिछले पांच साल में आधिकारिक रूप से 357.1 टन सोना खरीदा। चीन के बाद सबसे ज्यादा सोना खरीदने वाला देश पोलैंड रहा जिसने 5 साल में 314.6 टन सोना खरीदा। इसके बाद तुर्की (251.8 टन) और भारत (245.3 टन) का नंबर रहा।- सोने की कीमत में फरवरी में लगातार सातवें महीने तेजी आई है
- यह पहला मौका है जब सोने की कीमत लगातार सात महीने बढ़ी है
- इससे पहले दो बार सोने की कीमत में लगातार 6 महीने उछाल आई थी
- पिछले सात महीने में सोने की कीमत में 61 फीसदी तेजी आई है











