दिल्ली अब दूर नहीं... दिसंबर तक पूर्वांचल expressway से कनेक्ट होने जा रहागोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे

दिल्ली अब दूर नहीं... दिसंबर तक पूर्वांचल expressway से कनेक्ट होने जा रहागोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश में रोड कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करने पर लगातार काम कर रही योगी सरकार इस साल के अंत तक गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर आवागमन सुविधा शुरू करने की तैयारी में है। अगस्त के तीसरे सप्ताह तक इस एक्सप्रेसवे का तीन चौथाई से अधिक काम पूरा हो चुका है। इस एक्सप्रेसवे के शुरू होने से गोरखपुर क्षेत्र, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के माध्यम से लखनऊ, आगरा एवं दिल्ली तक त्वरित एवं सुगम यातायात कॉरिडोर से जुड़ जाएगा।

आजमगढ़ के सालारपुर तक बन रहा गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे

​मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्राथमिकता वाली परियोजनाओं में से एक गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे गोरखपुर बाईपास एनएच- 27 ग्राम जैतपुर के पास से प्रारंभ होकर पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर जनपद आजमगढ़ के सालारपुर में समाप्त होगा।

91 किलोमीटर लंबा है लिंक एक्सप्रेसवे

इस एक्सप्रेसवे की लंबाई 91.352 किमी है। कुल लागत 5876.67 करोड़ रुपये है। इससे जनपद गोरखपुर, अम्बेडकरनगर, संतकबीरनगर, आजमगढ़ सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे तेज संपर्क और बेहतर यात्रा अनुभव प्रदान करेगा।

79 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है

यूपी एक्‍सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी के ऑफिशियल ट्विटर हैंडल पर 25 अगस्त तक दी गई जानकारी के अनुसार गोरखपुर लिंक एक्‍सप्रेसवे का 79 फीसद निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। क्लियरिंग एंड ग्रबिंग का काम 100 फीसद, मिट्टी का 96 फीसद पूरा कराया गया है। एक्‍सप्रेसवे पर कुल प्रस्‍तावित 341 संरचनाओं में से 331 बन चुके हैं। अन्य के निर्माण का कार्य तेजी से कराया जा रहा है।

साढ़े 3 घंटे में लखनऊ, 10 घंटे में दिल्ली

गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर आवागमन शुरू होने के बाद पूर्वांचल के एक बड़े क्षेत्र के लोगों को लखनऊ पहुंचने में बस साढ़े तीन घंटे का समय लगेगा। इसके अलावा दिल्ली से लेकर आगरा तक के शानदार सफर का आनंद लोग ले सकेंगे।

​एक्सप्रेसवे के दोनों तरफ इंडस्ट्रियल कॉरिडोर​

एक्सप्रेसवे के दोनों तरफ इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के निर्माण के लिए योगी सरकार ने बजट में 200 करोड़ रुपये का आवंटन भी कर रखा है। इससे औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही रियल एस्‍टेट मार्केट में भी उछाल आने की उम्मीद की जा रही है। एक्सप्रेसवे के निकट इण्डस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट, शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान, मेडिकल संस्थान आदि की स्थापना हेतु भी अवसर सुलभ होंगे।
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