मुख्यमंत्री साय ने लोकार्पण के पहले प्रसंस्करण ईकाई परिसर में आंवला का पौधा रोपित किया। इसके साथ ही वन मंत्री कश्यप ने सीताफल का पौधा, सांसद विजय बघेल ने बेल, महामंडलेश्वर डॉ.स्वामी कैलाशनंद गिरी ने भी सीताफल का पौधा रोपित किया।
छत्तीसगढ़ में प्राकृतिक संसाधनों और पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली आयुर्वेद के क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री साय ने आज तीन आधुनिक हर्बल (आयुर्वेदिक) औषधीय संयंत्रों का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा किए गए वादे को हमारी सरकार ‘मोदी की गारंटी’ को पूरी प्रतिबद्धता के साथ पूर्ण किया जा रहा है। हमारी सरकार डेढ़ वर्षो से लगातार विकास की ओर अग्रसर है। तीन करोड़ जनता से किए गए वादों को हमारी सरकार पूरा कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विगत पांच वर्षो में गरीब जनता ’’प्रधानमंत्री आवास योजना’’ से वंचित रह गई थी, जिसे हमारी सरकार बनते ही प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 18 लाख आवासों की स्वीकृति दी और निर्माण कार्य प्रारंभ किया, जो पूर्णता की ओर है। हमारी सरकार किसानों से 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान की खरीद की जा रही है, और उन्हें प्रति क्विंटल 3,100 रुपये की राशि प्रदान की जा रही है। महिलाओं को ‘महतारी वंदन योजना’ के तहत प्रतिमाह 1000 की आर्थिक सहायता राशि दी जा रही है, इस योजना के तहत 70 लाख से अधिक महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं। इस योजना के छूटे हुए पात्र हितग्राहियों को नये सिरे से जोड़ने की प्रक्रिया भी की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘रामलला दर्शन योजना’ के तहत अब तक 22 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या यात्रा कर चुके हैं। उन्होंने आगे बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह द्वारा शुरू की गई ’मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना’ को पुनः शुरू कर दिया गया है। योजना के तहत 60 वर्ष से ऊपर के बुजुर्गों को तीर्थ यात्रा और गंगा स्नान का अवसर निःशुल्क दिया जा रहा है। भूमिहीन कृषि मजदूरों के लिए राज्य सरकार ने ‘दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर योजना’ के तहत सालाना 10 हजार की आर्थिक सहायता राशि दिया जा रहा है।
तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए सरकार ने तेंदूपत्ता संग्रहण दर 4500 से बढ़ाकर 5500 प्रति मानक बोरा कर दी है, जिससे लगभग 13 लाख तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों को इसका सीधा लाभ मिलेगा। साथ ही पूर्ववर्ती सरकार में बंद हो चुकी ‘चरण पादुका योजना’ को भी फिर से शुरू किया गया है, जिसके अंतर्गत आज पांच हितग्राही महिलाओं को चरण पादुका प्रदान किया गया।











