नेशनल ब्यूरो ऑफ स्टैटिस्टिक्स (NBS) के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में औद्योगिक उत्पादन में पिछले साल के मुकाबले 5.2% की वृद्धि हुई। जुलाई में यह आंकड़ा 5.7% था। रॉयटर्स के एक सर्वे में 5.7% की उम्मीद थी, लेकिन यह उससे कम रहा। पिछले साल के अगस्त के बाद यह सबसे धीमी गति है। रॉयटर्स के अनुसार, चीन में साल 1961 के बाद सबसे ज्यादा गर्मी पड़ी। साथ ही, सबसे लंबा बरसात का मौसम भी रहा। इससे मैन्युफैक्चरिंग पर बुरा असर पड़ा
चीन का शटर होने लगा बंद! सरकार ने बजाई खतरे की घंटी, कारखानों में उत्पादन से लेकर बिक्री तक में गिरावट
नई दिल्ली: चीन की इकोनॉमी की रफ्तार धीमी हो गई है। कारखानों में उत्पादन और खुदरा बिक्री, दोनों ही उम्मीद से कम रहे। इससे चीन की सरकार पर दबाव बढ़ गया है कि वो अर्थव्यवस्था को सहारा देने के लिए नए कदम उठाए। कमजोर खपत और प्रॉपर्टी के कारोबार में गिरावट से विकास पर असर पड़ रहा है।
नेशनल ब्यूरो ऑफ स्टैटिस्टिक्स (NBS) के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में औद्योगिक उत्पादन में पिछले साल के मुकाबले 5.2% की वृद्धि हुई। जुलाई में यह आंकड़ा 5.7% था। रॉयटर्स के एक सर्वे में 5.7% की उम्मीद थी, लेकिन यह उससे कम रहा। पिछले साल के अगस्त के बाद यह सबसे धीमी गति है। रॉयटर्स के अनुसार, चीन में साल 1961 के बाद सबसे ज्यादा गर्मी पड़ी। साथ ही, सबसे लंबा बरसात का मौसम भी रहा। इससे मैन्युफैक्चरिंग पर बुरा असर पड़ा
नेशनल ब्यूरो ऑफ स्टैटिस्टिक्स (NBS) के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में औद्योगिक उत्पादन में पिछले साल के मुकाबले 5.2% की वृद्धि हुई। जुलाई में यह आंकड़ा 5.7% था। रॉयटर्स के एक सर्वे में 5.7% की उम्मीद थी, लेकिन यह उससे कम रहा। पिछले साल के अगस्त के बाद यह सबसे धीमी गति है। रॉयटर्स के अनुसार, चीन में साल 1961 के बाद सबसे ज्यादा गर्मी पड़ी। साथ ही, सबसे लंबा बरसात का मौसम भी रहा। इससे मैन्युफैक्चरिंग पर बुरा असर पड़ा











