भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) की ओर से विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) को बेहतर बनाने के लिए कमेटी का गठन किया गया है। BCCI अध्यक्ष रोजर बिन्नी को ही इसका प्रमुख बनाया गया है। जबकि BCCI सचिव जय शाह को इसका संयोजक बनाया गया है।
इस कमेटी में IPL चेयरमैन अरुण धूमल को भी शामिल किया गया है। इनके अलावा राजीव शुक्ला, आशीष शेलार, देवाजीत सैकिया, मधुमति लेले और प्रभतेज भाटिया के नाम शामिल हैं।
9 दिसंबर को WPL 2024 के लिए होना है मिनी ऑक्शन
WPL के दूसरे सीजन के लिए मिनी ऑक्शन 9 दिसंबर को मुंबई में होगा। ऑक्शन के लिए 165 प्लेयर्स ने रजिस्ट्रेशन कराया है, जिनमें 104 भारतीय और 61 विदेशी खिलाड़ी हैं। विदेशियों में 15 प्लेयर्स एसोसिएट नेशंस की भी हैं।
5 टीमों में फिलहाल 30 प्लेयर्स की ही जगह खाली है, जिनमें 9 स्लॉट विदेशी प्लेयर्स के लिए रिजर्व है। टूर्नामेंट अगले साल फरवरी के तीसरे सप्ताह में शुरू हो सकता है। इसके मार्च में दूसरे सप्ताह तक खत्म होने की संभावना है।
165 प्लेयर्स में 109 अनकैप्ड प्लेयर्स
WPL ऑक्शन में रजिस्ट्रेशन कराने वाली 165 प्लेयर्स में 56 को टी-20 इंटरनेशनल खेलने का अनुभव हैं। 109 प्लेयर्स अनकैप्ड हैं, जिन्होंने इंटरनेशनल डेब्यू नहीं किया है। ऑक्शन में 61 विदेशी प्लेयर्स रहेंगी, जिनमें एसोसिएट नेशंस की 15 प्लेयर्स भी शामिल हैं। एसोसिएट प्लेयर्स में अमेरिका की लेफ्ट आर्म पेसर तारा नॉरिस भी रहेंगी, जो सीजन-1 में दिल्ली से खेल चुकी
50 लाख की बेस प्राइस में 2 ही खिलाड़ी
WPLऑक्शन लिस्ट में 2 ही प्लेयर्स की बेस प्राइस 50 लाख रुपए हैं। इनमें वेस्टइंडीज की डिएंड्रा डॉटिन और ऑस्ट्रेलिया की किम गार्थ शामिल हैं। 4 प्लेयर्स की बेस प्राइस 40 लाख रुपए हैं, इनमें इंग्लैंड की विकेटकीपर एमी जोन्स, साउथ अफ्रीका की तेज गेंदबाज शबनिम इस्माइल, ऑस्ट्रेलिया की एनाबेल सदरलैंड और जॉर्जिया वेयरहम शामिल हैं।
गुजरात जायंट्स के पास सबसे ज्यादा पर्स
WPL की 5 टीमों में गुजरात जायंट्स के पास सबसे ज्यादा 5.95 करोड़ रुपए का पर्स बाकी हैं, जिससे उन्हें 10 प्लेयर्स खरीदने हैं। यूपी वॉरियर्ज को 5 और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को 7 खिलाड़ी खरीदने हैं। UP के पास 4 करोड़ और RCB के पास 3.35 करोड़ रुपए का पर्स बाकी है।
सीजन-1 की चैंपियन मुंबई इंडियंस के पास सबसे कम 2.1 करोड़ रुपए बाकी हैं, इससे उन्हें 5 प्लेयर्स खरीदने हैं। रनर-अप दिल्ली कैपिट्लस के पास 2.25 करोड़ रुपए बाकी हैं, इससे उन्हें महज 3 प्लेयर्स खरीदना है।
सभी टीमों के पास कुल 15 करोड़ रुपए का पर्स रहता है, लेकिन ऑक्शन के पहले टीमों ने कई खिलाड़ियों को रिटेन भी किया। रिटेन करने के बाद जो इनकम बाकी रही, पांचों टीमें उसी पर्स को लेकर ऑक्शन में उतरेंगी।











