मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने ET को बताया कि दिक्कत तब शुरू होती है जब सभी नॉमिनी अपना दावा पेश करने के लिए एक साथ या एक ही समय पर बैंक नहीं पहुंचते। एक बैंक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि हमने अनौपचारिक तौर पर अपनी ये मुश्किलें RBI के सामने रखी हैं। जल्द ही इस बारे में आधिकारिक तौर पर भी अपनी बात रखेंगे।
इस मामले में RBI को भेजे गए ईमेल का कोई जवाब नहीं मिला है। एक अन्य बैंक अधिकारी ने कहा कि RBI की तरफ से साफ गाइडलाइंस मिलने से पूरे देश में एक जैसे नियम लागू हो सकेंगे, क्योंकि ऐसे मामलों की संख्या बहुत ज्यादा है।
अहम बातें
- मांग: बैंक चाहते हैं कि कई नॉमिनी वाले खातों के लिए RBI नई और साफ गाइडलाइंस जारी करे।
- दिक्कत: नॉमिनी एक साथ बैंक नहीं आते, तो क्लेम का निपटारा करना मुश्किल हो जाता है।
- कोर्ट का रुख: नॉमिनी सिर्फ पैसे का रखवाला, असली हक कानूनी वारिस का।
- नियम: अभी एक खाते या लॉकर में अधिकतम चार लोगों को नॉमिनी बनाया जा सकता है।











