कांग्रेस का आज 139वां स्थापना दिवस है। इस मौके पर पार्टी नागपुर में मेगा रैली का आयोजन करने जा रही है। इसी के साथ 'हम हैं तैयार' थीम के साथ पार्टी अपने 2024 लोकसभा चुनाव अभियान की शुरुआत करेगी।
आयोजन स्थल का नाम 'भारत जोड़ो मैदान' रखा गया है। रैली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी, राहुल, प्रियंका वाड्रा, 3 मुख्यमंत्री, राज्य पार्टी प्रमुख, पदाधिकारियों और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल हो सकते हैं। साथ ही इस रैली में देशभर से पार्टी कार्यकर्ता भी पहुंचेंगे।
मेगा रैली में 2 लाख लोगों के पहुंचने की संभावना
कांग्रेस की मेगा रैली नागपुर में आयोजित हो रही है, जहां RSS का मुख्यालय भी है। कांग्रेस महाराष्ट्र यूनिट के चीफ नाना पटोले ने कहा- मेगा रैली में 2 लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
उन्होंने नागपुर के ऐतिहासिक महत्व का हवाला देते हुए कहा कि यह कई आंदोलनों और क्रांतियों का केंद्र रहा है। कांग्रेस ने नागपुर में अंग्रेजों के खिलाफ असहयोग आंदोलन की घोषणा की थी, जिसके कारण 1947 में भारत को आजादी मिली।
मेगा रैली के बाद I.N.D.I.A घटक दलों में सीट शेयरिंग पर हो सकता है फैसला
पटोले ने BJP पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्तमान स्थिति भी सत्तारूढ़ पार्टी के कारण ही है। भाजपा रोजगार मुक्त भारत की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने रोजगार बढ़ाने और किसानों को न्याय सुनिश्चित करने का संकल्प लिया है। कांग्रेस लोकतंत्र में लोगों का विश्वास जगाने की कोशिश करेगी।
मेगा रैली में महंगाई, बढ़ती बेरोजगारी जैसे कई मुद्दों को उठाया जाएगा। साथ ही मेगा रैली के बाद महाराष्ट्र की 48 सीटों पर I.N.D.I.A के घटक दलों के बीच सीट शेयरिंग के प्लान पर भी फाइनल बात हो सकती है।
पिछले साल दिल्ली पार्टी ऑफिस में हुआ था कार्यक्रम
2022 में कांग्रेस ने 138वें स्थापना दिवस का कार्यक्रम पार्टी ऑफिस दिल्ली में आयोजित किया था। इसमें पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया, राहुल और अन्य नेता शामिल हुए थे। इस कार्यक्रम के दौरान की एक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी, जिसमें राहुल मां सोनिया के गाल पकड़ते नजर आ रहे थे।
139 साल पहले हुई थी कांग्रेस की स्थापना
28 दिसंबर 1885 यानी आज ही के दिन देश की सबसे पुरानी राजनीतिक पार्टी इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) की स्थापना हुई थी। इसकी स्थापना का श्रेय ब्रिटिश अफसर एओ ह्यूम को जाता है। हालांकि ह्यूम के निधन के बाद 1912 में उन्हें कांग्रेस का संस्थापक घोषित किया गया।
कांग्रेस पार्टी के पहले अध्यक्ष कलकत्ता हाईकोर्ट के बैरिस्टर व्योमेश चंद्र बनर्जी थे। 28 से 30 दिसम्बर 1885 के बीच बंबई (अब मुंबई) में पार्टी का पहला अधिवेशन बुलाया गया। कांग्रेस पार्टी अंग्रेजों के खिलाफ कई आंदोलनों में शामिल रही। इसने गांधी जी के नेतृत्व में सविनय अवज्ञा आंदोलन, भारत छोड़ो आंदोलन में भी हिस्सा लिया। आजादी से पहले पार्टी के 1.5 करोड़ से ज्यादा सदस्य और 7 करोड़ से ज्यादा समर्थक थे।











