Javed Akhtar ने हाल ही में कॉमेडियन सपन वर्मा के यूट्यूब चैनल पर बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कहा, 'मैं 80 के दशक को हिंदी सिनेमा के लिए सबसे काला समय मानता हूं। लोग या तो दोहरे अर्थ वाले गाने लिख रहे थे या फिर ऐसे गाने, जिनका कोई मतलब ही नहीं था। मैंने ऐसी फिल्मों से परहेज किया, जिनके बोल मुझे बेतुके या अश्लील लगे।'
जावेद ने लिख लिया था पहला गाना, पर काम से किया इनकार
79 साल के जावेद अख्तर ने आगे कहा, 'इसी सिद्धांत के कारण मैंने एक बहुत सफल फिल्म 'कुछ कुछ होता है' को ठुकरा दिया। मैंने इसके लिए पहला गाना लिखा था, लेकिन जब करण ने इसका नाम तय किया, तो मैंने उस नाम वाली फिल्म में काम करने से मना कर दिया। मैंने सोचा, कुछ कुछ होता है...क्या होता है? मुझे अब इसका पछतावा है, लेकिन उस समय मैंने मना कर दिया था।'जावेद ने माना- गलती हुई
'कुछ कुछ होता है' टाइटल से थी समस्या
'कुछ कुछ होता है' हिंदी फिल्म इंडस्ट्री की बहुत बड़ी हिट साबित हुई और अब भी इसे एक क्लासिक मूवी माना जाता है। इसके गाने आज भी फेमस हैं। इसमें शाहरुख खान, काजोल और रानी मुखर्जी का अहम रोल था।











