रसूखदारों के मैरिज गार्डन तक पहुंचते ही फूस हुआ जांच-पड़ताल अभियान

रसूखदारों के मैरिज गार्डन तक पहुंचते ही फूस हुआ जांच-पड़ताल अभियान
भोपाल। शहर में अवैध रूप से संचालित हो रहे मैरिज गार्डन पर शिकंजा कसने के लिए नगर निगम द्वारा जांच-पड़ताल अभियान चलाया गया था, जो रसूखदारों के गार्डन तक पहुंचते ही फूस हो चुका है। जबकि यह अभियान निरंतर चलाया जाना था। इसकी जिम्मेदारी नगर निगम के भवन अनुज्ञा शाखा के सहायक यंत्री एके साहनी को दी गई थी। उन्होंने अभियान की शुरुआत ताबड़तोड़ कार्रवाई के साथ की। पहले ही दिन शहर के कई मैरिज गार्डन को नोटिस देकर ताले जड़ दिए। अभियान के दूसरे दिन भी सहायक यंत्री साहनी की टीम शहर में सक्रिय रही और कई अवैध मैरिज गार्डन पर तालाबंदी की, लेकिन तीसरे ही दिन सारा मामला ठंडे बस्ते में चला गया। जब इस बारे में जिम्मेदार अधिकारी से बात की तो उन्होंने कहा कि कमिश्नर ने जानकारी देने से मना किया है। यह कहकर वे अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ते हुए नजर आए। इसका क्या मतलब है यह आप खुद ही समझ सकते हैं।

31 मैरिज गार्डन के खिलाफ हुई कार्रवाई

नगर निगम भवन अनुज्ञा शाखा के सहायक यंत्री एके साहनी की टीम ने अब तक शहर में कुल 31 मैरिज गार्डन के खिलाफ कार्रवाई की है। अभियान के पहले दिन जांच - पड़ताल दल ने 10 मैरिज गार्डन पर तालाबंदी की कार्रवाई की थी। इसके बाद दूसरे दिन 17 मैरिज गार्डन पर तालाबंदी की कार्रवाई की गई। तीसरे दिन पांच मैरिज गार्डन को सील किया गया। पांच मई से लेकर अब तक कितने मैरिज गार्डन पर कार्रवाई हुई इसकी कोई जानकारी नहीं दी जा रही।

जहांनुमा रिट्रीट रिसोर्ट पर कार्रवाई कर लूटी वाहवाही

अभियान के पहले दिन शहर के सबसे चर्चित और पाश मैरिज गार्डन जहांनुमा रिट्रीट रिसोर्ट को सील कर जांच-पड़ताल दल ने जमकर वाहवाही लूटी थी। यह देखकर लगा कि आने वाले समय में कई बड़े रसूखदारों के अवैध मैरिज गार्डन का खुलासा होगा, लेकिन चार मई को करोंद अयोध्या बायपास रोड पर पूर्व पार्षद तुलसा वर्मा के तुलसी गार्डन पर कार्रवाई के बाद मामला पूरी तरह से ठंडे बस्ते में चला गया।

इनका कहना है

मैंने इसकी जानकारी देने मना नहीं किया, लेकिन लोकसभा चुनाव के कारण अभियान बीच में रोक दिया गया था। किंतु सोमवार से यह अभियान पुन: शुरू होगा।

हरेंद्र नारायन, आयुक्त, नगर निगम भोपाल

Advertisement