सब इंस्पेक्टर ने बताया कि एक केस ऐसा भी आया, जिसमें पत्नी की शिकायत थी कि बीमार होने पर पति दवा लेने नहीं जाता। उसकी देखभाल नहीं करता। ऐसे मामलों में दोनों को बुलाकर एकसाथ काउंसलिंग की जाती है। समझौता करा दिया जाता है। किसी की शिकायत होती है कि पति खर्चा नहीं देता। शराब पीकर गाली-गलौज के भी कुछ केस आए। इस बीच पड़ोसी के पेट डॉग को लेकर अनबन और झगड़े का विवाद भी आया। इसमें एक केस दहेज का केस भी रहा।
39 शिकायतों में हो चुका है समझौता, 5 पर FIR
वॉर्ड-10 डीएलएफ कॉलोनी में बने पिंक बूथ को बने करीब डेढ़ माह हो चुके है। इलाके की महिलाओं का कहना है कि अब उन्हें अपनी समस्या और खुद के साथ हो रहे अपराध को महिला पुलिस से साझा करने में झिझक महसूस नहीं होती। बूथ पर तैनात महिला इंस्पेक्टर उनकी समस्या को ध्यान से सुनकर उनका निवारण करती हैं। जरूरत पड़ने पर दूसरे थाने में रेफर भी करती हैं।
बबिता शर्मा ने बताया कि अब तक आई शिकायतों में कोई भी पेंडिंग नहीं है। घरेलू विवाद-कलह से संबंधित 39 शिकायतों में समझौते कराए जा चुके हैं। 5 केस में एफआईआर हो चुकी है। एक मामला दूसरे क्षेत्र का था, उसे रेफर कर दिया गया।











