द सन की रिपोर्ट के मुताबिक, हिजबुल्लाह की ओर से सोमवार देर रात उत्तरी इजरायल के शहर हाइफा में बड़े हमले को अंजाम देते हुए 105 रॉकेट दागे गए। इजरायल के तीसरे सबसे बड़े शहर पर इस हमला से दो लाख लोगों को सुरक्षित जगह पर शरण लेनी पड़ी। हाइफा के किरयात याम पर यह रॉकेट अटैक 20 वर्षों का सबसे गंभीर हमला है। हिजबुल्लाह ने हाइफा और क्रेयोट क्षेत्रों पर किए गए हमले की जिम्मेदारी भी ली है।
कासिम ने अपने सहयोगियों को भी दिलाया भरोसा
टेलीविजन पर संबोधन में कासिम ने अपने सहयोगियों और समर्थकों को भरोसा दिलाया कि हिजबुल्लाह का नेतृत्व अभी एकजुट है और लेबनान की रक्षा करने के लिए तैयार है। कासिम ने कहा, हिजबुल्लाह ने दर्दनाक प्रहारों पर काबू पा लिया है और खुद को फिर से खड़ा कर लिया है। हम दुश्मन पर सैकड़ों रॉकेट और दर्जनों ड्रोन दाग रहे हैं। हमारी क्षमताएं ठीक हैं और हमारे लड़ाके अग्रिम मोर्चे पर तैनात हैं।
कासिम ने ये भी कहा कि इजरायल उनको कमजोर ना समझे और समर्थक मायूस ना हों। हिजबुल्लाह नेता ने इजरायल को चेताते हुए कहा कि वे लड़ाई में मजबूती से उसका सामना करेंगे। नसरल्लाह की मौत के बाद उसके उत्तराधिकारी के बारे में कासिम ने कहा कि नए कमांडर इन चीफ का नाम जल्द ही घोषित किया जाएगा।











