अकील 58 करोड़ का इनामी था। अमेरिका का यह मोस्ट वांटेड था। इजरायली डिफेंस फोर्स के मुताबिक एफ-35 फाइटर जेट्स के जरिए ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। एफ-35 के जरिए मिसाइल दागी गई। अल जजीरा नेटवर्क की रिपोर्ट के मुताबिक चार मिसाइलें फायर की गई थीं। हमला तब हुआ जब हिजबुल्ला की खतरनाक राडवान फोर्स की मीटिंग हो रही थी। जमीन के दो मंजिला नीचे मीटिंग चल रही थी। लेकिन इजरायल वहां भी इन्हें खत्म करने में कामयाब हुआ।
हमले में 14 लोगों की मौत
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मीटिंग में 20 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया, जिनमें से कुछ बुरी तरह घायल होकर जिंदा बच गए। लेबनान के एमटीसी न्यूज नेटवर्क के मुताबिक राडवान फोर्स के तीन वरिष्ठ नेताओं के परिवारों को सूचित किया गया कि और भी ज्यादा शवों के मिलने की संभावना है। लेबनान के एक आंकड़े के मुताबिक हमले में कम से कम 14 लोग मारे गए। 66 लोग बुरी तरह घायल हो गए, जिनमें से 9 गंभीर रूप से घायल हैं।
हमले में 14 लोगों की मौत
मिसाइल गिरने पर लगा भूकंप आया
उसने कहा कि जहां बम गिरा वहां इमारत पूरी तरह तबाह हो गई। 7 अक्टूबर के हमले के बाद यह इजरायली एयरफोर्स का तीसरा हमला है। पहले हमले में हमास का वरिष्ठ नेता सालेह अल-अरौरी मारा गया था। दूसरे हमले में फुआद शुकर की मौत हुई, जिसे इजरायल में हिजबुल्लाह का चीफ ऑफ स्टाफ कहा जाता था।











