पृथ्वी के बाहर कोई जीवन बैक्टीरिया के रूप में होगा तो वह भी एलियन ही कहलाएगा। लेकिन हम यहां उस अलौकिक जीवन की बात कर रहे हैं, जो इंसानों की ही तरह समझदार होंगे। एक्स्पर्ट्स के मुताबिक अगर ऐसा होता है, तो मनुष्यों को ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिलेगा। एलियन जीवन की खोज करने वाले बर्कले SETI रिसर्च सेंटर से संबद्ध एक स्वदेशी अध्ययन वर्किंग ग्रुप का कहना है कि एलियन से मिलना ठीक वैसे ही होगा, जैसे पहले कुछ इंसानी संस्कृतियां आपस में मिली हैं।
एलियन आएगा तो कौन मिलेगा पहले
ग्रुप का कहना है कि उन्होंने कई सदियों पहले इसानी संस्कृति संपर्क का अध्ययन किया। इसमें ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, अफ्रीका और अमेरिका में दो संस्कृतियों के मिलन को देखा गया। जहां कई बार हिंसा हुई और महामारी फैली। अब सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर अगर एलियन मिल गए तो संपर्क कौन करेगा। ग्रुप का कहना है कि एलियन से सीधा कॉन्टैक्ट मिलिट्री, कॉर्पोरेट और वैज्ञानिक करेंगे। नासा अंतरिक्ष में सिग्नल भेजता है। इसके अलावा SETI के वैज्ञानिक टेक्नोलॉजी सिग्नेचर का भी पता लगाते हैं।गुलाम बनेंगे इंसान
ग्रुप के मुताबिक एलियन से मिलने के लिए ज्यादा उत्सुक नहीं होना चाहिए। अगर कोई सभ्यता अंतरिक्ष से धरती पर आती है तो वह इंसानों से ज्यादा उन्नत होगी। उनका आना खतरनाक हो सकता है। इसके खतरों को दिखाने के लिए उन्होंने पहली बार औपनिवेशिक संपर्कों का सहारा लिया। ग्रुप का कहना है कि क्रिस्टोफर कोलंबस जब पहली बार यूरोप से अमेरिका गए तो वहां के लोगों को मारा और गुलाम बना लिया। अगर एलियन धरती पर आते हैं तो कुछ ऐसा ही हो सकता है।











