आपको बता दें कि आलोक मौर्य ने दो दिन पहले अपनी एसडीएम पत्नी ज्योति मौर्य पर एक नया आरोप लगाया था। उनका कहना है कि पीसीएस में चयन होने से पहले ज्योति प्राइमरी स्कूल में टीचर थीा। उन्होंने अपनी पहली नौकरी में ही फर्जीवाड़ा किया था। आलोक ने बेसिक शिक्षा परिषद को पत्र लिखकर शिकायत की है कि ज्योति मौर्य ने 2011 की विशिष्ट बीटीसी शिक्षक भर्ती में फर्जी मार्कशीट लगाई थी। उन्होंने आवेदन पत्र में गलत सूचना भरकर शिक्षक के रूप में इटावा के जसवंतनगर प्राथमिक स्कूल में प्रशिक्षण भी पूरा किया था। आलोक के मुताबिक, उनके बैंक खाते में सैलरी भी आई।
'मुझे फंसाने के लिए शादी का फर्जी कार्ड छपवाया'
आलोक मौर्य का कहना है कि उनकी 2010 में शादी हुई थी। शादी के वक्त ज्योति बीए कर रही थीं। वह उस दौरान टीचर नहीं थी। ज्योति से सवाल पूछा जाना चाहिए कि 2010 में जब वह ग्रेजुएशन कर रही थीं या नहीं। दरअसल, ज्योति के पिता ने उनकी शादी का कार्ड मीडिया के सामने दिखाया था जिसमें ज्योति के नाम के नीचे अध्यापिका लिखा हुआ था। वहीं, आलोक के नाम के नीचे ग्राम पंचायत अधिकारी लिखा है। ज्योति के पिता का कहना था कि आलोक चतुर्थ श्रेणी पद पर थे। उन्होंने झूठ बोलकर उनकी बेटी से शादी की है। इन आरोपों पर आलोक का कहना है कि उन्हें फंसाने के लिए ससुरालवालों ने फर्जी शादी का कार्ड छपवाया है। उन्होंने झूठ बोलकर शादी नहीं की थी।
झांसी में होमगार्ड कमांडेंट पद पर तैनात हैं मनीष दूबे
गौरतलब है कि आलोक मौर्य जिस मनीष दूबे के साथ ज्योति मौर्य के अफेयर चलने का दावा कर रहे हैं, वह इस समय झांसी में होमगार्ड कमांडेंट पद पर तैनात हैं। आलोक ने ज्योति और मनीष के बीच हुए कई पर्सनल वॉट्सऐप मैसेज भी मीडिया के सामने दिखाए थे। सोशल मीडिया पर ये मैसेज तेजी से वायरल हुए थे। यूजर्स ज्योति मौर्य केस को लेकर तमाम तरह के मीम्स बना रहे हैं। वहीं, ज्योति मौर्य ने आलोक और ससुरालवालों पर दहेज उत्पीड़न का आरोप लगाया है। साथ ही यह भी शिकायत की है कि आलोक ने उनका वॉटसऐप हैक कर लिया है। धूमनगंज पुलिस ने इस मामले में ज्योति मौर्य का बयान दर्ज कर लिया है। जल्द ही उनके पति आलोक और ससुरालवालों से पूछताछ की जाएगी।











