Select Date:

28 फरवरी 2025

Updated on 28-02-2025 11:06 AM
*⛅दिन - शुक्रवार*
*⛅विक्रम संवत् - 2081*
*⛅अयन - उत्तरायण*
*⛅ऋतु - बसन्त*
*⛅मास - फाल्गुन*
*⛅पक्ष - शुक्ल*
*⛅तिथि - अमावस्या प्रातः 06:14 तक तत्पश्चात प्रतिपदा रात्रि 03:16 मार्च 01 तक, तत्पश्चात द्वितीया*
*⛅नक्षत्र - शतभिषा दोपहर 01:40 तक तत्पश्चात पूर्व भाद्रपद*
*⛅योग - सिद्ध रात्रि 08:08 तक, तत्पश्चात साध्य*
*⛅राहु काल - सुबह 11:25 से दोपहर 12:52 तक*
*⛅सूर्योदय - 07:06*
*⛅सूर्यास्त - 06:38*
*⛅दिशा शूल - पश्चिम दिशा में*
*⛅ब्राह्ममुहूर्त - प्रातः 05:23 से 06:13 तक*
*⛅अभिजीत मुहूर्त - दोपहर 12:29 से दोपहर 01:16 तक*
*⛅निशिता मुहूर्त - रात्रि 12:27 मार्च 01 से रात्रि 01:17 मार्च 01 तक*
*⛅व्रत पर्व विवरण - राष्ट्रीय विज्ञान दिवस*
*⛅विशेष - प्रतिपदा को कुष्माण्ड (कुम्हड़ा, पेठा) न खाएं क्योंकि यह धन का नाश करने वाला है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

*🔹अजीर्ण की निवृत्ति हेतु रखें इन बातों का ध्यान🔹*

*🔸वर्तमान में अधिकांश लोग पेट के रोगों से, विशेषतः अजीर्ण से ग्रस्त देखे जाते हैं । इसका कारण है भोजन में स्वास्थ्य नहीं बल्कि स्वाद की प्रधानता, भोजन-संबंधी नियमों का अज्ञान या उन्हें शर महत्त्व न देना, भूख से ज्यादा खाना, जले हुए या भलीभाँति न पके भोजन, बासी आहार, पनीर, मावा आदि देर से पचनेवाले पदार्थों का सेवन, देर रात को या जल्दी-जल्दी भोजन करना आदि ।*

*🔸चरक संहिता के अनुसार पूर्व में सेवन किया हुआ आहार पच जाने पर ही भोजन करना चाहिए । अजीर्ण में भोजन करने से पहलेवाले आहार का अपचित रस बाद के आहार के रस के साथ मिश्रित होने पर सभी दोषों को शीघ्र प्रकुपित करता है । अतः पूर्व का भोजन भली प्रकार पचने पर ही भोजन करें ।*

*🔸प्रतिदिन पैदल भ्रमण, आसन, व्यायाम आदि करें । खूब चबा-चबाकर भोजन करें । जल्दी- जल्दी भोजन करने से जठराग्नि को भोजन पचाने में अधिक श्रम पड़ता है और पाचक रस भी उचित रूप में उत्पन्न नहीं हो पाता ।*

*🔸"पहले का खाया हुआ खाना पचा-न पचा और दूसरा खाया तो आम (कच्चा, अपचित रस) बनेगा । ठाँस-ठाँस के खाया फिर बोले 'एसिडिटी हो गयी, पेट की खराबियाँ हो गयीं...।' कब खाना, कैसे खाना, कितना खाना, क्या खाना, क्या न खाना - इसका बुद्धिपूर्वक विचार करें फिर खायें तो तंदुरुस्त रहेंगे ।*

श्री सृष्टि सर्व कल्याण संस्थान  श्रीश:ज्योतिष परामर्श एवं अनुष्ठान केंद्र भोपाल मध्यप्रदेश

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 04 April 2025
 🌤️ *दिन -  शुक्रवार*🌤️ *विक्रम संवत - 2082 (गुजरातअनुसार 2081)*🌤️ *शक संवत -1947*🌤️ *अयन - उत्तरायण*🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - चैत्र*🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 🌤️ *तिथि - सप्तमी रात्रि…
 03 April 2025
वारः गुरुवार, विक्रम संवतः 2082, शक संवतः 1947, माह/पक्ष: चैत्र मास – शुक्ल पक्ष. तिथि : षष्ठी रात्रि 9:41 मिनट तक तत्पश्चात सप्तमी रहेगी . चंद्र राशि: वृष सायं 6:26 मिनट तक तत्पश्चात मिथुन राशि रहेगी . चंद्र नक्षत्र: रोहिणी नक्षत्र रहेगा . योग…
 02 April 2025
 *दिन -  बुधवार*🌤️ *विक्रम संवत - 2082 (गुजरात अनुसार 2081)*🌤️ *शक संवत -1947*🌤️ *अयन - उत्तरायण*🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - चैत्र*🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 🌤️ *तिथि - पंचमी रात्रि…
 01 April 2025
🌤️ *दिन -  मंगलवार*🌤️ *विक्रम संवत - 2082 (गुजरात अनुसार 2081)*🌤️ *शक संवत -1947*🌤️ *अयन - उत्तरायण*🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - चैत्र*🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 🌤️ *तिथि - चतुर्थी…
 31 March 2025
वारः सोमवार, विक्रम संवतः 2082, शक संवतः 1947, माह/पक्ष: चैत्र मास – शुक्ल पक्ष, तिथि:- द्वितीया सुबह 9 बजकर 11 मिनट तक तत्पश्चात तृतीया रहेगी. चंद्र राशि: मेष राशि रहेगी . चंद्र नक्षत्र: अश्विनी दोपहर 1 बजकर 44 मिनट तक तत्पश्चात भरणी नक्षत्र…
 30 March 2025
चैत्र नवरात्रि -*तप की शक्ति का प्रतीक है मां ब्रह्मचारिणी*🙏🏻 *नवरात्रि की द्वितीया तिथि पर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा होती है। देवी ब्रह्मचारिणी ब्रह्म शक्ति यानी तप की शक्ति का…
 30 March 2025
🌤️ *दिन -  रविवार*🌤️ *विक्रम संवत - 2082*🌤️ *शक संवत -1947*🌤️ *अयन - उत्तरायण*🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - चैत्र*🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 🌤️ *तिथि - प्रतिपदा दोपहर 12:49 तक…
 29 March 2025
वारः शनिवार,  विक्रम संवतः 2081 , शक संवतः 1946, माह/पक्ष : चैत्र मास – कृष्ण पक्ष, तिथि : अमावस्या शाम 4 बजकर 27 मिनट तक तत्पश्चात प्रतिपदा रहेगी. चंद्र राशि:…
 28 March 2025
वारः शुक्रवार, विक्रम संवतः 2081, शक संवतः 1946, माह/पक्ष: चैत्र मास- कृष्ण पक्ष, तिथि: चतुर्दशी सायं 7:55 मिनट तक तत्पश्चात अमावस्या रहेगी. चंद्र राशिः कुंभ सायं 4:44 मिनट तक तत्पश्चात मीन रहेगी. चंद्र नक्षत्र : पूर्वा…
Advertisement