वारः शुक्रवार, विक्रम संवतः 2081, शक संवतः 1946, माह/पक्ष: चैत्र मास- कृष्ण पक्ष, तिथि: चतुर्दशी सायं 7:55 मिनट तक तत्पश्चात अमावस्या रहेगी. चंद्र राशिः कुंभ सायं 4:44 मिनट तक तत्पश्चात मीन रहेगी. चंद्र नक्षत्र : पूर्वा भाद्रपद रात्रि 10:08 मिनट तक तत्पश्चात उत्तरा भाद्रपद नक्षत्र रहेगा . योगः शुक्ल योग रहेगा. अभिजित मुहूर्तः दोपहर 11:25 से 12:45. दुष्टमुहूर्त: चतुर्दशी में कोई भी कार्य न करें. सूर्योदयः प्रातः6:19, सूर्यास्त: सायं 6:30, राहूकालः प्रातः 10:53 मिनट से12:25 मिनिट तक . तीज/त्योहार: कोई नहीं . भद्राः प्रातः 9:29 मिनट तक. पंचकः चल रहे है.
आज का दिशा शूल
शुक्रवार को पश्चिम दिशा में दिशाशूल रहेगा ( यात्रा वर्जित रहती है) यदि यात्रा करना आवश्यक हो तो थोड़ा अदरक खाकर चौघड़िया मुहूर्त में यात्रा प्रारंभ करें .
आज का चौघड़िया मूहर्त
चर चौघड़िया – 6:19 बजे से 7:51 तक .
लाभ चौघड़िया- प्रातः 7:51 बजे से 9:22 तक.
अमृत चौघड़िया – प्रातः 9:22 बजे से 10:53 तक.
शुभ चौघड़िया – दोपहर 1:56 बजे से 3:27 तक .
चर चौघड़िया – सायं 4:58 बजे से 6:30 तक .
रात्रि का चौघड़िया मुहूर्त
लाभ चौघड़िया- रात्रि 9:27 बजे से 10:55 तक.
शुभ चौघड़िया – रात्रि 12:24 बजे से 1:53 तक.
अमृत चौघड़िया – रात्रि 1:53 बजे से 3:21 तक .
चर चौघड़िया – रात्रि 3:21 बजे से प्रातः 4:50 तक.
चौघड़िया मुहूर्त यात्रा के लिए विशेष रूप से एवं अन्य शुभ कार्यों को करने के लिए शुभ एवं श्रेष्ठ माना गया है.
चैत्र नवरात्रि -*तप की शक्ति का प्रतीक है मां ब्रह्मचारिणी*🙏🏻 *नवरात्रि की द्वितीया तिथि पर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा होती है। देवी ब्रह्मचारिणी ब्रह्म शक्ति यानी तप की शक्ति का…