भोपाल। शहर में सामाजिक, सांस्कृतिक, कलात्मक, खेल, धार्मिक आदि गतिविधियों का सिलसिला चलता रहता है। गुरुवार 19 अक्टूबर को भी शहर में अनेक ऐसी गतिविधियों का आयोजन होने जा रहा है, जिनका आप आनंद उठा सकते हैं। यहां हम कुछ ऐसे चुनींदा कार्यक्रमों की जानकारी पेश कर रहे हैं, जिसे पढ़कर आपको अपनी दिन की कार्ययोजना बनाने में आसानी होगी।
खादी महोत्सव - राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान (निफ्ट), भौंरी की ओर से सूत कार्यशाला और क्राफ्ट बाजार पर आधारित सूत्र सृजन खादी महोत्सव का आयोजन निफ्ट परिसर में किया जा रहा है। समय सुबह दस बजे से है।
वाल आर्ट फेस्टिवल - मध्यप्रदेश संस्कृति विभाग एवं पर्यटन विभाग के सहयोग से आलियांज फ्रांसेस द भोपाल द्वारा रवींद्र भवन में चार दिवसीय वाल आर्ट फेस्टिवल—3 का आयोजन किया जा रहा है। इसमें कलाकार मिलेरिंग रचनाकर्म कर रही हैं। आज इसका अंतिम दिन है। फेस्टिवल का समय सुबह 10 बजे से शाम छह बजे तक है।
चित्र प्रदर्शनी - मध्य प्रदेश जनजातीय संग्रहालय की लिखंदरा दीर्घा में गोंड समुदाय के चित्रकार सचिन तेकाम के चित्रों की प्रदर्शनी सह-विक्रय का संयोजन किया गया है। 42वीं शलाका चित्र प्रदर्शनी अक्टूबर माह के अंत तक रहेगी। इसे दोपहर 12 बजे से शाम आठ बजे तक देखा जा सकता है।
चरखा प्रदर्शनी - इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मानव संग्रहालय में देश के विभिन्न हिस्सों से संकलित पारम्परिक चरखों पर प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। शैलकला प्रदर्शनी भवन में भारत की सांस्कृतिक एकता और उद्यमिता का प्रतीक 'चरखा' विशेष प्रदर्शनी को सुबह 11 बजे से शाम सात बजे तक देखा जा सकता है।
जरी जरदोजी पोशाक प्रदर्शनी - मृगनयनी कबीरा, खादी एम्पोरियम जवाहर चौक में जरी जरदोजी पोशाक प्रदर्शनी का आयोजन मप्र हस्तशिल्प और हाथकरघा निगम की ओर से किया जा रहा है। समय प्रतिदिन सुबह 11 बजे से राज आठ बजे तक है।
श्रीमद्भागवत कथा - शिव-कालका मंदिर गोविंदपुरा किरण नगर में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। समय : शाम चार बजे।
नाटक मंचन - त्रिकर्षि नाट्य संस्था, भोपाल द्वारा शहीद भवन में शाम सात बजे से पीयूष मिश्रा द्वारा लिखित एवं प्रथमेश त्रिवेदी और प्रतीक शर्मा द्वारा निर्देशित कालजयी नाटक "जब शहर हमारा सोता है" की प्रस्तुति होगाी। दर्शकों के लिए प्रवेश निश्शुल्क है।











