आईसीसी टूर्नामेंट्स में बदकिस्मती का वो रिकॉर्ड, जो देता है गहरा दर्द
केन विलियमसन ने साल 2016 से 2024 के बीच न्यूजीलैंड क्रिकेट के सबसे स्वर्णिम दौर का नेतृत्व किया, लेकिन आईसीसी के बड़े नॉकआउट मुकाबलों में किस्मत ने हमेशा उनसे मुंह मोड़े रखा। उनके आईसीसी सफर के दर्दनाक आंकड़ों से साफ झलकता है, उनका यह सफर बेहद निराशाजनक मोड़ों से गुजरा। साल 2011 के वनडे वर्ल्ड कप में उनका सफर सेमीफाइनल में आकर थमा था। इसके बाद 2015 के वनडे वर्ल्ड कप में टीम फाइनल तक तो पहुंची, लेकिन उन्हें उपविजेता बनकर ही संतोष करना पड़ा। साल 2016 के टी20 वर्ल्ड कप में भी शानदार खेल दिखाने के बाद उन्हें सेमीफाइनल में हार का सामना करना पड़ा। सबसे ज्यादा दर्दनाक पल साल 2019 के वनडे वर्ल्ड कप फाइनल में आया, जहां क्रिकेट इतिहास के सबसे विवादास्पद मुकाबले में बाउंड्री काउंट नियम के कारण न्यूजीलैंड चैंपियन बनने से चूक गई और रनर-अप रही।बदकिस्मती का यह दौर यहीं नहीं रुका। साल 2021 के टी20 वर्ल्ड कप में एक बार फिर टीम खिताबी मुकाबले में पहुंचकर रनर-अप रही। इसके बाद साल 2022 के टी20 वर्ल्ड कप और साल 2023 के वनडे वर्ल्ड कप में न्यूजीलैंड का सफर सेमीफाइनल में आकर समाप्त हो गया। अपने करियर के आखिरी दौर में साल 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी में वे एक बार फिर फाइनल में पहुंचे, लेकिन किस्मत ने फिर दगा दिया और वे चौथी बार आईसीसी के सीमित ओवरों के टूर्नामेंट में उपविजेता बनकर रह गए।











