भोपाल। उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में भारी वर्षा के चलते पहाड़ धंसने से जिस पुष्पा चौहान की मौत हुई है, वह साकेत नगर में रहती थी। वह परिवार की मुखिया थीं। उनकी मौत के बाद चौहान परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट गया है। परिवार के जो सदस्य घर पर हैं, उनका रो-रोकर बुरा हाल है। अब इन्हें स्व. पुष्पा चौहान के पार्थिव शरीर के भोपाल लाए जाने का इंतजार है, जिसे एयरलिफ्ट कर बुधवार शाम तक लाया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि साकेत नगर में रहने वाला चौहान परिवार पिछले दिनों हंसी खुशी और श्रद्धा के साथ चारधाम की यात्रा पर निकले थे। साथ में इंदौर से इस परिवार के रिश्तेदार भी इसमें शामिल हो गए थे। पूरे स्वजनों ने गंगोत्री के दर्शन भी कर लिए थे, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। मौसम खराब होने के रास्ते में भूस्खलन शुरू हो गया। इस परिवार की गाड़ी पर पहाड़ों का मलबा गिरने से वह उनकी चपेट में आ गई। बचाव के दौरान चौहान परिवार की मुखिया 65 वर्षीय पुष्पा चौहान को नहीं बचाया जा सका। जबकि परिवार के बाकी सदस्य व रिश्तेदार को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनके स्वजनों को भोपाल के साकेत नगर में इस हादसे की खबर सोमवार रात को डेढ़ बजे के करीब एक चैनल पर खबर सुनने के बाद पता चली तो परिवार टूट गया।
साकेत नगर में जहां पुष्पा चौहान का घर है उसके आसपास मंगलवार को सन्नाटा पसर गया। बेटे के साथ तीर्थ यात्रा पर गईं थी पुष्पा चौहान साकेत नगर-दो, ए में रहने वाली 65 वर्षीय पुष्पा चौहान अपने बेटे 38 वर्षीय महेंद्र सिंह चौहान, नातिन और करीब परिवार के सात लोगों के साथ भोपाल से तीर्थ यात्रा के लिए रवाना हुए थे। हादसे की जानकारी मिलने के बाद पुष्पा चौहान के बेटे राजीव चौहान के साथ लोग पूरी तरह से उनकी खोज खबर ले रहे थे, सुबह होने के बाद उनकी अपने भाई महेंद्र चौहान से बात हो पाई, जो उनकी मां के साथ गए थे।
सुबह लोगों को लगी खबर
सुबह होने के बाद पड़ोस के लोगों ने उनके घर जाकर हाल-चाल जाना है। हालांकि हादसे के बाद सभी एक तरह से सन्न थे, यह सभी लोग हंसी खुशी के साथ रवाना हुए थे, अचानक यह हादसा होने के बाद साकेत नगर में मातम पसर गया है। स्वर्गीय पुष्पा चौहान के पति की पहले ही मौत हो चुकी है, वह भेल में काम करते थे, उनके स्थान पर उनके बेटे महेंद्र को भेल में नौकरी मिल गई थी। वह बेटे महेंद्र, दो नातिन, बेटी और बेटी के बच्चों के साथ रवाना हुई थी।
देहरादून से दिल्ली, फिर भोपाल लाएंगे
स्व. पुष्पा चौहान के बेटे राजीव चौहान ने बताया कि मां के पार्थिव शरीर का इंतजार है। भाई से बात होने के बाद पता चला कि रास्ते बंद होने से उनको हेलीकाप्टर से देहरादून और दिल्ली लाया जाएगा। उसके बाद दिल्ली से भोपाल लाएंगे।











