ठेकेदार निकला 420, सरकार को ही लगा दिया चूना, सड़क निर्माण में 45 लाख से ऊपर के फर्जी बिल लगाकर चंपत

ठेकेदार निकला 420, सरकार को ही लगा दिया चूना, सड़क निर्माण में 45 लाख से ऊपर के फर्जी बिल लगाकर चंपत
जबलपुर: हाल ही में सड़क निर्माण में जिम्मेदारों के साथ सांठ-गांठ कर 45 लाख रुपए के फर्जी डामर बिलों के भुगतान का मामला सामने आया था। इसकी शिकायत पर जबलपुर आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ में मामला दर्ज किया गया है।

लिखित शिकायत पर कार्रवाई


मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए उप पुलिस अधीक्षक आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ जबलपुर एव्‍ही सिंह ने बताया कि आवेदक बलजिंदर सिंह नैय्यर नागपुर (महाराष्ट्र) ने एक लिखित शिकायत दी थी। शिकायत ठेकेदार संजय सिंघी निवासी छत्तीसगढ़ के विरूद्ध दर्ज कराई गई थी।

इस शिकायत में उल्लेखित था कि ठेकेदार द्वारा म.प्र. ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण सिवनी पीआईयू 1 अंतर्गत सड़क निर्माण कार्य में व्यापक मात्रा में डामर के फर्जी बिल लगाए गए हैं। इसके अलावा शासन से भुगतान प्राप्त कर करोड़ों रूपयों का आर्थिक लाभ भी प्राप्त किया गया है।

45 लाख से ऊपर के लगा दिए फर्जी बिल


मामले की जांच में पता चला कि ठेकेदार संजय सिंघी ने सिवनी में 18 नवम्‍बर 2016 को विभिन्न इनवाईस के बिल लगाए हैं। इनकी कुल राशि 45,89,331 रूपये है। वह इण्डियन ऑयल कार्पोरेशन लिमिटेड भोपाल द्वारा जारी नहीं किए गए हैं।

कंपनी ने एक ही बिल जारी किया


डामर के फर्जी बिल सिवनी में मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण के पैकेज क्रमांक MP36-UPG-14 एवं MP36-UPG-12 में लगाये गये हैं। इण्डियन ऑयल कार्पोरेशन लिमिटेड भोपाल द्वारा संजय सिंघी को एकमात्र बिल 02 फरवरी 2016 को इनवाईस नंबर 684837880 का ही जारी किया गया है।

420 के केस में अंदर होगा ठेकेदार


इस प्रकार ठेकेदार संजय सिंघी द्वारा लगाये गये 07 इनवाईस फर्जी निकले। आरोपी ठेकेदार ने कुल 45,89,331 रूपये के बिल म.प्र. ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण, सिवनी में लगाए और भुगतान भी लिया। आरोप सही पाए जाने पर ठेकेदार संजय सिंघी पर धारा 420, 467, 468, 471 लगाई गई है।

इसके अलावा मामले में अन्य आरोपियों के विरूद्ध मामला दर्ज कर आगे की जांच भी की जा रही है। पुलिस अधीक्षक ईओडब्ल्यू आर.डी. भारद्वाज ने कहा कि जांच लगातार जारी है। इस कार्य में जो भी अधिकारी और सड़क ठेकेदार शामिल है, उनके विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही की जायेगी।
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