न भौकाल और शेर की दहाड़, मुन्ना भैया के साथ 'मिर्जापुर 3' को भी जलाकर कर दिया खाक, अब रहम करो सरकार
भौकाल, पावर, इज्जत, कंट्रोल... 'मिर्जापुर' के बाहुबलियों को चाहिए। मगर दर्शकों को क्या चाहिए? सोचा है आपने? पहला सीजन बवाल, दूसरा सीजन भी बवाल, लेकिन तीसरा सीजन देखकर तो लगा- ये क्या बकवास है। मतलब क्या किया है इस बार मेकर्स ने? वैसे बात सही ही कही गई है। नेम-फेम पाकर कुछ लोग बौरा जाते हैं। वही हाल हुआ है इस बार 'मिर्जापुर सीजन 3' के मेकर्स के साथ। 10 एपिसोड की इस सीरीज को देखने के लिए समय निकाला। देखकर एकदम से मन खराब हो गया। क्या ही बवासीर था ये सीजन। कसम से।











