बता दें कि अब रीवा एयरपोर्ट से यात्री उड़ानों के साथ ही माल वाहक उड़ानों का परिचालन शुरू हो सकेगा। इससे क्षेत्र में रोजगार व्यापार और पर्यटन के क्षेत्र में भी विस्तार होगा। रीवा से विधायक राजेंद्र शुक्ला वर्तमान में मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री हैं और उन्होंने इस एयरपोर्ट के निर्माण में काफी अहम प्रयास किया है। अब रीवा एयरपोर्ट परिचालन के लिए तैयार है। रीवा एयरपोर्ट मध्य प्रदेश का छटवां एयरपोर्ट है और विंध्य का इकलौता एयरपोर्ट है।
एमपी को मिल गया 6वां हवाई अड्डा, भोपाल, जबलपुर, खजुराहो, इंदौर, ग्वालियर के बाद इस एयरपोर्ट को DGCA ने दिया लाइसेंस
रीवा: मध्य प्रदेश में अब एक और एयरपोर्ट से विमान उड़ान भरने के लिए तैयार है। प्रदेश के विंध्य क्षेत्र में स्थित रीवा एयरपोर्ट को अब लाइसेंस मिल गया है। नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने आधिकारिक रूप से रीवा एयरपोर्ट को लाइसेंस जारी कर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए लिखा कि रीवा एयरपोर्ट को डीजीसीए ने उड़ान भरने की अनुमति दे दी है। इससे प्रदेश के आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी और क्षेत्रीय संपर्क का विस्तार होगा।
6 महीने पहले एयरक्राफ्ट की हुई थी लैंडिंग
6 महीने पहले ही रीवा एयरपोर्ट पर पहले एयरक्राफ्ट की लैंडिंग हुई थी। इसी पर सवार होकर उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने रीवा से खजुराहो के लिए उड़ान भरी थी। इसके बाद मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने पीएम श्री पर्यटन वायु सेवा के तहत भोपाल से जबलपुर होकर रीवा और सिंगरौली जाने वाली एयर टैक्सी सेवा भी शुरू की थी। यह सेवा रीवा तक भी पहुंच रही है।
रीवा एयरपोर्ट को अगले 50 सालों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। रीवा से हवाई यात्रा करने वाले यात्री बिना किसी असुविधा के रीवा एयरपोर्ट तक पहुंच सकेंगे क्योंकि रीवा में पहले से बनाए गए रिंग रोड के चलते सीधी, सतना से यात्रियों का आना-जाना काफी बढ़ गया है। सिंगरौली का पावर प्लांट, विंध्य की 29 बड़ी इकाइयां, बेहतरीन हाईवे, मुकुंदपुर व्हाइट सफारी, बंधवगढ़ नेशनल पार्क, संजय नेशनल पार्क, एशिया का सबसे बड़ा सोलर पावर प्लांट, खूबसूरत जलप्रपात, भगवान श्री राम की तपोवन भूमि चित्रकूट, मैहर की शारदा मां और सीमेंट के बड़े उद्योग के कारण रीवा एयरपोर्ट की महत्व रखता है।











