हैदराबाद। पिछले साल 7 अक्टूबर को हमास ने इजरायल पर हमला बोला था, जिसका पलटवार आज तक जारी है। फिलिस्तीन और खासतौर पर गाजा पट्टी पर अब तक इजरायल का कहर जारी है।
इस बीच, भारत में AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बड़ी अपील की है। ओवैसी ने कहा है कि प्रधानमंत्री मोदी को इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू से बात करना चाहिए और फिलिस्तीन के खिलाफ जारी जंग रुकवा देना चाहिए।
- हैदराबाद की एक सभा में ओवैसी ने कहा, 'मोदी जी, आप नेतन्याहू को समझाओ और ये युद्ध रुकवाकर सीजफायर करवाओ। वहां 15 लाख फलस्तीनी लोग बेघर हो गए हैं। इसके बावजूद उनका हौसला टूटा नहीं है, क्योंकि उस सरजमीं पर बसने वाले मौत से नहीं डरते।'
- ओवैसी ने इसके बाद इजरायल के पीएम नेतन्याहू को अपना एक संदेश भी दिया। ओवैसी ने कहा, नेतन्याहू को यह समझना चाहिए कि अगर गाजा में एक फलस्तीनी बच्चा भी जिंदा रहा, तो वो पत्थर उठाकर अल्लाह हू अकबर ही कहेगा।
- यह पहली बार नहीं है जब ओवैसी का फलस्तीन के मुसलमानों के प्रति प्रेम उजागर हुआ है। उन्होंने संसद में जय फलस्तीन का नारा लगाकर नए विवाद को जन्म दिया था। साथ ही भारत में फलस्तीन के समर्थन में प्रदर्शनों को जायज ठहराया था।
इस बीच, यति नरसिंहानंद के पैगंबर मोहम्मद पर दिए आपत्तिजनक बयान पर बवाल जारी है। अब असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि यति नरसिंहानंद को तत्काल गिरफ्तार किया जाना चाहिए और उनको जमानत भी नहीं मिलना चाहिए।
ओवैसी के मुताबिक, यति नरसिंहानंद ने पहले भी ऐसे बयान दिए थे। उनके खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई। यही कारण है कि उन्होंने दोबारा विवादित बयान दिया है।











