पाकिस्तान में लश्कर के आतंकी शेख यूसुफ अफरीदी की गोली मारकर हत्या, 2026 में 30वां आतंकी बना निशाना

पाकिस्तान में लश्कर के आतंकी शेख यूसुफ अफरीदी की गोली मारकर हत्या, 2026 में 30वां आतंकी बना निशाना
इस्लामाबाद: आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के कमांडर शेख यूसुफ अफरीदी की पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में कुछ अज्ञात बंदूकधारियों ने गोली मारकर हत्या कर दी है। एनडीटीवी की रिपोर्ट के मुताबिक हमलावरों ने अफरीदी पर कई राउंड गोलियां चलाईं थी। अफरीदी LeT कमांडर हाफिज सईद का करीबी सहयोगी था और इस हमले के दौरान उसे भागने का कोई मौका नहीं मिला। अफरीदी को आतंकी संगठन LeT के खैबर पख्तूनख्वा क्षेत्र में होने वाले ऑपरेशन्स की एक अहम कड़ी माना जाता था। जांच एजेंसियां उसकी मौत को एक 'टारगेटेड हत्या' यानि सोची-समझी साजिश के तहत की गई हत्या माना है।

शेख यूसुफ अफरीदी की हत्या उसी कड़ी का हिस्सा है जिसके तहत पिछले दो सालों में पाकिस्तान में एक के बाद एक कई आतंकियों की हत्या की गई है। पिछले महीने पाकिस्तान के लाहौर में एक टीवी स्टेशन के बाहर एक अज्ञात बंदूकधारी ने LeT के संस्थापक सदस्य और एक वांटेड आतंकी आमिर हमजा को निशाना बनाया था। रिपोर्टों के अनुसार 67 साल का हमजा इस हमले में बुरी तरह घायल हुआ है।

पाकिस्तान में एक के बाद एक वांटेड आतंकियों की हत्या

एनडीटीवी के मुताबिक इससे पहले जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मौलाना मसूद अजहर के बड़े भाई मुहम्मद ताहिर अनवर की भी पाकिस्तान में संदिग्ध हालत में मौत हो गई थी। बताया जाता है कि उनकी मौत बेहद रहस्यमय परिस्थितियों में हुई थी। अनवर जैश-ए-मोहम्मद के भीतर एक अहम भूमिका निभाता था और इस आतंकी संगठन के ऑपरेशन्स में सक्रिय रूप से शामिल था।

पिछले साल मार्च महीने में LeT का एक टॉप आतंकवादी अबू कतल उर्फ कतल सिंधी भी पाकिस्तान के झेलम सिंध में कुछ अज्ञात बंदूकधारियों के हाथों मारा गया था। वह 26/11 मुंबई आतंकी हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद का करीबी साथी था। आरोप है कि कतल ही जम्मू-कश्मीर में 2024 के रियासी हमले का मास्टरमाइंड था जिसमें नौ लोगों की जान गई थी और 33 अन्य घायल हुए थे।

2026 में अभी तक 30 आतंकियों की हत्या

पाकिस्तान में 2023 के बाद एक के बाद एक कई आतंकियों की हत्या अज्ञात बंदूकधारियों ने की है। 2023 में सात महीने में 7 मोस्ट वांटेड आतंकियों को मार गिराया गया था। इसके अलावा 2026 के पहले चार महीनों में लश्कर-ए-तैयबा और हिज्बुल मुजाहिदीन जैसे संगठनों से जुड़े कम से कम 30 आतंकवादियों को लाहौर, कराची और अन्य इलाकों जैसे शहरों में अज्ञात बंदूकधारियों ने निशाना बनाया है।
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