रोहित शर्मा का धोनी वाला अंदाज, खतरनाक रणनीति
रोहित शर्मा टी-20 वर्ल्ड कप-2022 में कई बार मैदान पर गुस्सा होते नजर आए। यह उनकी छवि के विपरीत थी। वह कूल एंड कंपोज कप्तान माने जाते हैं, लेकिन वह पूरे टूर्नामेंट में अतिरिक्त दबाव में दिखाई दिए। हालांकि, इस बार वह असली रोहित नजर आ रहे हैं। उनकी विपक्षी टीम के लिए रणनीति और मैदान पर पॉजिटिव अप्रोच ने काफी कुछ बदल दिया है। साउथ अफ्रीका के खिलाफ मैच में भी वह लगातार मैदान पर मेसेज भिजवाते दिखे, जिसकी हर कोई तारीफ करते दिखा। कोहली ने भी बताया कि टीम की रणनीति थी कि वह मैदान पर टिकें, जबकि दूसरा बल्लेबाज शॉट खेले। रोहित ऐसे ही कप्तान माने जाते हैं। गेंदबाजों का कप्तान, खिलाड़ियों का कप्तान।
परफेक्ट टीम कॉम्बिनेशन, हर खिलाड़ी दे रहा 100%
आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के खिताबी मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद टीम में काफी कुछ बदल गया है। केएल राहुल, श्रेयस अय्यर, जसप्रीत बुमराह की वापसी से टीम जहां मजबूत दिख रही है तो हर खिलाड़ी मैदान पर परफॉर्म भी कर रहा है। हार्दिक पंड्या जैसे खिलाड़ी के बिना लगातार आसान जीत बताती है कि इस टीम में अब कोई कमी नहीं है। जरूरत सिर्फ हर खिलाड़ी के इसी तरह परफॉर्म करने की है। बुमराह, सिराज और शमी की पेस बैटरी कमाल है तो दूसरी ओर कुलदीप और जडेजा स्पिन में मोर्चा संभाले हुए हैं।
घरेलू मैदान, परिस्थिति और चाहने वालों की जनसैलाब
टीम इंडिया के लिए एक और X फैक्टर यह है कि टूर्नामेंट भारत में हो रहा है। चारों तरफ उसके अपने ही लोग हैं। स्टेडियम में जनसैलाब उमड़ रहा है। हर शॉट, कैच और विकेट पर 'जितेगा भारत', विराट-विराट, रोहित-रोहित, बूम-बूम बुमराह, शमी... का शोर विपक्षी टीम को दहलाने के लिए काफी है। देखा जाए तो फैंस इस वक्त 12th प्लेयर की भूमिका में हैं। ऐसा कोई मैदान नहीं है, जिस पर टीम इंडिया का कोई खिलाड़ी खेला हो। कुल मिलाकर टीम इंडिया को विपक्षी टीम पर कई गुना मानसिक बढ़त हासिल है।
टीम की पॉजिटिव अप्रोच, वनडे में T20 वाला अंदाज
रोहित शर्मा ओपनिंग करने के लिए मैदान पर उतरते हैं तो उनकी कोशिश पहली गेंद से विपक्षी टीम पर दबाव बनाने की होती है। हमने देखा कि किस तरह से उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ शाहीन अफरीदी, हारिस रऊफ, साउथ अफ्रीका के खिलाफ मार्को यानसेन, लुंगी एंगिडी पर हमला बोलते हुए हौसले पस्त कर दिए। इंग्लैंड के खिलाफ खेली गई पारी को कौन भूल सकता है। उनके अलावा गिल, कोहली, अय्यर और केएल राहुल का भी यही अंदाज रहा है। देखा जाए तो टीम इंडिया शुरुआती 10 ओवरों में ही विध्वंसक बैटिंग से मैच का रुख तय कर रही है।











