भोपाल । जिले में नवरात्र के अंतिम दिन नवमी सोमवार को सिर्फ 188 रजिस्ट्रियां दर्ज की गई हैं। जबकि पिछले साल नवमी पर 400 से अधिक रजिस्ट्रियां दर्ज की गईं थी। इस बार चुनाव के दौरान लगी आचार संहिता का असर अब प्रापर्टी की खरीद-फरोख्त पर दिखने लगा है। दरअसल 50 हजार से अधिक नकद राशि रखने पर रोक लगी हुई है। यही वजह है कि सख्ती के चलते लोग शुभ मुहूर्त में भी रजिस्ट्री कराने पंजीयन कार्यालय नहीं पहुंचे। इस वजह से कार्यालय सूने रहे और सब रजिस्ट्रार इंतजार करते रहे।
स्लाट बढ़ाने के बावजूद नहीं आए लोग
बता दें कि नवरात्र में अच्छे कारोबार की उम्मीद के लिए पंजीयन विभाग ने प्रति सब रजिस्ट्रार स्लाट की संख्या 60 कर दी थी। जिससे 13 सब रजिस्ट्रार के हिसाब से 780 स्लाट एक दिन में बुक किए जा सकते थे। लेकिन नवरात्र के दौरान अपेक्षित संख्या में लोग रजिस्ट्री कराने नहीं पहुंचे।
1800 रजिस्ट्रियां हुई, मिले 13 करोड़
नवरात्र के नौ शुभ दिनों में इस बार सबसे कम रजिस्ट्रियां सिर्फ 1859 दर्ज की गई हैं। इनसे लगभग 13 करोड़ का राजस्व पंजीयन विभाग को प्राप्त हुआ है। हालांकि शुरू के तीन दिनों में रजिस्ट्री 300 से 400 के आसपास हो रहीं थी तो लग रहा था इस बार अच्छा कारोबार होगा लेकिन अचानक से रजिस्ट्रियों की संख्या में कमी आ गई। वहीं शनिवार को सर्वर डाउन रहने से भी काम प्रभावित रहा।
नवरात्र के दौरान रजिस्ट्रियों की संख्या
दिन - रजिस्ट्रियां
सोमवार - 456
मंगलवार - 301
बुधवार - 321
गुरुवार - 230
शुक्रवार - 243
शनिवार - 122
सोमवार - 188











