बॉलीवुड छोड़ चुकीं ममता कुलकर्णी ने प्रयागराज में लगे महाकुंभ मेले में किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर बनी थीं। इसके बाद काफी विवाद हुआ था। उन्होंने फिर इस्तीफा भी दे दिया था। अब उन्होंने इस पूरे वाकये पर बात की है। उन्होंने इस विवाद पर बात की है। उन्होंने कहा कि भगवान ने उन्हें उनकी 25 साल की तपस्या का फल दिया तो इस कारण वह महामंडलेश्वर बनीं।
ममता कुलकर्णी ने न्यूज एजेंसी ANI से बात की। इस दौरान उन्होंने कहा, 'उस कुंभ में मेरे लिए महामंडलेश्वर बनना, भगवान के हाथों में था, जो 140 सालों में सबसे पवित्र अवसर था। भगवान ने मुझे मेरी 25 साल की तपस्या का फल दिया। तो, ऐसा हुआ।' एक्ट्रेस ने आध्यात्मिक सफर शुरू करने के लिए अपना सांसारिक जीवन त्याग दिया था। उन्होंने एक नया नाम अपनाया, जो था- श्री यमई ममता नंदगिरी। 24 जनवरी को वह महाकुंभ में महामंडलेश्वर बनीं थीं।
'मुझे मुसलमानों से प्यार है', ममता कुलकर्णी ने महामंडलेश्वर विवाद पर कहा- मुझे मेरी 25 साल की तपस्या का फल मिला











