छत्तीसगढ़ के चारों अधिकारी हुए इम्पैनल
इस सूची की खास बात यह है कि छत्तीसगढ़ के चारों वरिष्ठ आईएएस अफसर सचिव पद के लिए इम्पैनल हो गए हैं। इन अधिकारियों में शामिल हैं:
एसीएस मनोज पिंगुआ – वर्तमान में गृह और जेल विभाग की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
एसीएस ऋचा शर्मा – उनके पास फूड और फॉरेस्ट विभाग की जिम्मेदारी है।
एसीएस निधि छिब्बर – वर्तमान में डेपुटेशन पर कार्यरत हैं।
एसीएस विकास शील – निधि छिब्बर के पति हैं और डेपुटेशन पर हैं।
छत्तीसगढ़ से पहले से इम्पैनल अधिकारी
छत्तीसगढ़ से वर्तमान में केवल आईएएस अमित अग्रवाल ही केंद्र में सचिव स्तर के पद पर तैनात हैं। उनके अलावा अमिताभ जैन और रेणु पिल्ले भी केंद्र में सचिव पद के लिए इम्पैनल हो चुके हैं।
सचिव इम्पैनलमेंट का महत्व
भारत सरकार में सचिव का पद राज्यों के मुख्य सचिव (Chief Secretary) के समकक्ष होता है। किसी अधिकारी का सचिव इम्पैनलमेंट होने का मतलब यह है कि यदि वे केंद्र में डेपुटेशन पर जाते हैं, तो उन्हें सचिव रैंक की ही पोस्टिंग मिलेगी।
इस इम्पैनलमेंट के बाद छत्तीसगढ़ के इन वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के लिए केंद्र में सचिव पद पर नियुक्ति के दरवाजे खुल गए हैं।
एसीएस विकास शील – निधि छिब्बर के पति हैं और डेपुटेशन पर हैं।
छत्तीसगढ़ से पहले से इम्पैनल अधिकारी
छत्तीसगढ़ से वर्तमान में केवल आईएएस अमित अग्रवाल ही केंद्र में सचिव स्तर के पद पर तैनात हैं। उनके अलावा अमिताभ जैन और रेणु पिल्ले भी केंद्र में सचिव पद के लिए इम्पैनल हो चुके हैं।
सचिव इम्पैनलमेंट का महत्व
भारत सरकार में सचिव का पद राज्यों के मुख्य सचिव (Chief Secretary) के समकक्ष होता है। किसी अधिकारी का सचिव इम्पैनलमेंट होने का मतलब यह है कि यदि वे केंद्र में डेपुटेशन पर जाते हैं, तो उन्हें सचिव रैंक की ही पोस्टिंग मिलेगी।
इस इम्पैनलमेंट के बाद छत्तीसगढ़ के इन वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के लिए केंद्र में सचिव पद पर नियुक्ति के दरवाजे खुल गए हैं।











