क्रूड ऑयल से परेशान EU ने बदली नीति, तब भी महंगाई से छुटकारा नहीं, पेट्रोल-डीजल का आज भाव
नई दिल्ली: कच्चे तेल (Crude Oil Price) में इन दिनों जो आग लगी हुई है, उससे दुनिया का हर देश परेशान है। यूरोपीय यूनियन (EU) ने तो इससे निजात पाने के लिए अलग ही नीति की घोषणा की है। ईयू ने एक इलेक्ट्रिफिकेशन एक्शन प्लान (Electrification Action Plan) को अनवील किया है। उसमें ऐसा उल्लेख है कि साल 2040 तक उसके एनर्जी खपत (Energy Consumption) में बिजली की हिस्सेदारी 46% तक हो जाएगी। मतलब कि क्रूड ऑयल और नेचुरल गैस पर निर्भरता घटेगी। इस खबर के आने के बावजूद कच्चे तेल का बाजार एक बार फिर गर्म हुआ है। लेकिन, भारत में सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी शुक्रवार, 17 जुलाई 2026, को भी पेट्रोल-डीजल के दाम में कोई बदलाव नहीं किया। यहां 25 मई 2026 के बाद इनके दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ है।
क्रूड ऑयल फिर महंगा
क्रूड ऑयल की कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव किसी से छुपा नहीं है। इससे दुनिया का हर देश परेशान है। यूरोपीय यूनियन ने तो इससे निजात पाने के लिए अलग ही नीति की घोषणा की है। ईयू ने एक इलेक्ट्रिफिकेशन एक्शन प्लान को अनवील किया है। उसमें ऐसा उल्लेख है कि साल 2040 तक उसके एनर्जी खपत में बिजली की हिस्सेदारी 46% तक हो जाएगी। अभी वहां के एनर्जी डिमांड में बिजली की हिस्सेदारी 23 फीसदी ही है। यदि ऐसा हुआ तो उन देशों की क्रूड ऑयल (Crude Oil) और नेचुरल गैस (Natural Gas) पर निर्भरता घटेगी। इस खबर के आने के बावजूद कच्चे तेल का बाजार (Crude Oil Market) एक बार फिर गर्म हुआ है। शुक्रवार को अरली ट्रेड में भी तेजी ही दिखी। बाजार खुलते समय स्टेंडर्ड माने जाने वाला Brent Crude 0.74% या 0.62 डॉलर बढ़ कर 84.85 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड हो रहा था। अमेरिकी WTI Crude भी 0.72% या 0.57 डॉलर की तेजी दिखी। अब यह चढ़ कर 70.52 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड हो रहा है।











