सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने भुवनेश्वर की रहने वाली सेल्फ स्टाइल्ड इन्वेस्टिगेटर दीप्ति आर पिन्निती के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है। उस पर आरोप है कि उसने दिग्गज अभिनेत्री श्रीदेवी की मौत को लेकर अपने दावों को सपोर्ट करने के लिए यूट्यूब वीडियो में पीएम मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह जैसे उच्च पदाधिकारियों के नाम से फर्जी लेटर पढ़े। CBI अधिकारियों ने रविवार को इसकी जानकारी दी।
पिछले साल मुंबई की वकील चांदनी शाह की तरफ से शिकायत दर्ज कराने के बाद CBI ने दीप्ति पिन्नती और उसके वकील भरत सुरेश कामत के खिलाफ केस रजिस्टर किया था। ये शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने CBI के पास भेजी थी।
इस शिकायत में चांदनी शाह ने आरोप लगाया था कि दीप्ति पिन्निती ने कई दस्तावेज दिखाए थे, जो फर्जी थे। इनमें पीएम और रक्षा मंत्री के लेटर्स और सुप्रीम कोर्ट से जुड़े दस्तावेज और UAE सरकार के रिकॉर्डर्स शामिल थे।
श्रीदेवी की मौत को लेकर भारत सरकार पर कवर-अप का आरोप लगाया था
श्रीदेवी की मौत फरवरी 2018 में दुबई में हुई थी। दीप्ती ने एक इंटरव्यू में दावा किया था उसने श्रीदेवी की मौत का इन्वेस्टिगेशन किया है और इसमें पता चला है कि दोनों देशों की सरकारों ने इस मामले को कवर अप किया है।
अपने खिलाफ चार्जशीट दाखिल किए जाने को लेकर पिन्निती ने कहा कि ये यकीन करना मुश्किल है कि बिना मेरा स्टेटमेंट रिकॉर्ड किए, CBI ने मेरे खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। खैर, जब मेरे खिलाफ आरोप तय किए जाएंगे, तो मैं कोर्ट में ही सबूत पेश करूंगी।
दीप्ती ने कहा कि जिन लेटर्स पर सवाल उठाए जा रहे हैं, ये लेटर्स उन्हीं अथॉरिटीज का अपराध सामने लाएंगे, जिनके तहत CBI आता है। ऐसे में अगर CBI को सबूत जुटाने का जिम्मा सौंपा जाएगा, तो CBI भी इस केस की एक पार्टी बन जाएगी।
श्रीदेवी की मौत के 5 साल बाद बोले बोनी कपूर:नेचुरल नहीं थी उनकी मौत, दुबई में मुझसे 48 घंटों तक पूछताछ की गई
फिल्ममेकर बोनी कपूर ने एक इंटरव्यू में अपनी वाइफ और एक्ट्रेस श्रीदेवी के निधन पर कहा, ‘यह नेचुरल डेथ नहीं बल्कि एक्सीडेंटल डेथ थी। मैंने इसके बारे में ना बोलने का फैसला किया था, क्योंकि जब मुझसे जांच और पूछताछ की जा रही थी तब मैंने लगभग 24 या 48 घंटों तक इसके बारे में बात की थी।











