समान नागरिक संहिता पर चर्चा होने के साथ ही शहर में कला-संस्कृति के होंगे कार्यक्रम

समान नागरिक संहिता पर चर्चा होने के साथ ही शहर में कला-संस्कृति के होंगे कार्यक्रम

इंदौर। शहर में विभिन्न धार्मिक-सामाजिक संगठनों के कार्यक्रम 13 जुलाई को आयोजित किए जाएंगे। श्रावण मास में शहर के विभिन्न शिव मंदिरों में अनुष्ठान हो रहे हैं। इसमें कहीं अखंड रामायण पाठ तो कहीं रूद्राभिषेक होगा। इसके साथ ही शहर में कला-संस्कृति के कई कार्यक्रम होंगे। वर्षा ऋतु में शहर में संगीत की सभा भी वर्षा के गीतों पर आधारित होकर सजेगी और वैचारिक मंथन भी होगा। इसके अलावा चातुर्मास के चलते धर्मसभा भी शहर में होगी।

- आज की शाम अगर आप गीतों की महफिल के बीच बिताना चाहते हैं तो जाल सभागृह जाना मुनासिब होगा। यहं शाम 7 बजे गीतों की सभा म्यूज टेंपल फैंस क्लब द्वारा आयोजित की जा रही है, जिसमें वर्षा ऋतु के गीत मुख्य रूप से सुनाए जाएंगे।

- इन दिनों समान नागरिक संहिता पर देश भर में चर्चा का दौर जारी है। यदि आप भी इस विषय में अपनी राय रखना चाहते हैं, दूसरों के विचारों को सुनना चाहते हैं तो शाम 4 बजे प्रीतमलाल दुआ सभागृह जा सकते हैं। यहां संस्था दामिनी द्वारा समान नागरिक संहिता और हम विषय पर संवाद आयोजित किया जा रहा है।

-अभिनय की बारीकियों को जानने में जिनकी रूचि है उनके लिए शहर में अभिनय की कार्यशाला जारी है। स्वदेश भवन स्थित अनवरत थियेटर ग्रुप के सभागृह में यह कार्यशाला सोमनाथ चटर्जी ले रहे हैं जो सुबह 10.30, दोपहर 2 बजे और शाम 7.30 बजे संचालित हो रही है।

- शहर के पश्चिम क्षेत्र के लक्ष्मी-वेंकटेश देवस्थान छत्रीबाग में नाम-जप परिक्रमा सुबह 7.45 बजे निकलेगी। इसमें वैष्णवजन वेंकेट रमणा गोविंदा के जयघोष लगाते मंदिर की परिक्रमा लगाएंगे। इसके बाद भगवान की आरती-पूजन होगा।

 आठ वर्षों के अंतराल से छत्रीबाग रामद्वारा पर अंतर्राष्ट्रीय रामस्नेही संप्रदाय के आचार्य, जगदगुरू स्वामी रामदयाल महाराज का चातुर्मास के लिए आगमन हुआ। उनके रामद्वारा छत्रीबाग में प्रतिदिन प्रवचन सुबह 9 बजे से होंगे। इस अवसर पर संप्रदाय के अन्य संतों के प्रवचन भी होंगे।

- आचार्य विहर्ष सागर महाराज का चातुर्मास कलश की स्थापना नसिया बड़ा गणपति पर होगा। चातुर्मास दिगंबर जैन समाज सामाजिक संसद और दिगंबर जैन सोशल ग्रुप फेडरेशन इंदौर रीजन के संयुक्त तत्वावधान में हो रहा है। कलश स्थापना समारोह दोपहर 12.27 बजे से होगी। सर्वप्रथम सभी मांगलिक क्रियाएं पूरी की जाएंगी। इसके बाद संतों के प्रवचन होंगे।इसमें प्रदेशभर के गुरु भक्त भाग लेंगे।

- नौलखा स्थित मनकामनेश्वर कांटाफोड़ मंदिर में हर दिन भगवान का फूलों से श्रृंगार होगा। भगवान के शृंगारित स्वरूप के दर्शन शाम 6 बजे से होंगे।श्रावण के अंतिम सोमवार को भगवान की सवारी निकाली जाएगी। इसके साथ आकर्षक झांकी भी सजाई जाएगी।

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