धरती में एंट्री के लिए रखनी होगी 7.8 किमी प्रति सेकेंड की रफ्तार
क्या होती है सबसोनिक स्पीड, जिस पर होती है एंट्री
सुनीता की सकुशल वापसी की चुनौती क्या होगी?
कल्पना चावला का मिशन भी ऐसे ही हुआ था खत्म
इस छोटी सी दरार ने पूरे मिशन को तबाह कर दिया। जब शटल वायुमंडल में एंट्री कर रहा था, तो गर्म गैसें उस छेद से भीतर घुस गईं और बाएं पंख को नष्ट कर दिया। 1 फरवरी 2003 को शटल की लैंडिंग के दौरान असामान्य तापमान और प्रेशर की वजह से कुछ ही मिनटों में स्पेसक्राफ्ट आग के गोले में बदल गया।











