वारः बुधवार, विक्रम संवतः 2081, शक संवतः 1946, माह/पक्ष: माघ मास – शुक्ल पक्ष, तिथि : अष्टमी रात्रि 12 बजकर 35 मिनट तक तत्पश्चात नवमी तिथि रहेगी. चंद्र राशिः मेष राशि रहेगी. चंद्र नक्षत्रः भरणी नक्षत्र रात 8 बजकर 32 मिनट तक तत्पश्चात कृतिका नक्षत्र रहेगा. योगः शुक्ल योग रात 09 बजकर 18 मिनट तक तत्पश्चात ब्रह्म योग रहेगा. सर्वार्थ सिद्धि योग: रात 8 बजकर 32 मिनट से 6 तारीख को सुबह 7 बजकर 07 मिनट तक. अभिजित मुहूर्तः दोपहर 11 बजकर 45 मिनट से 12 बजकर 30 मिनट तक. दुष्टमूहर्त : कोई नहीं. सूर्योदयः सुबह 7 बजकर 7 मिनट पर होगा. सूर्यास्तः शाम 5 बजकर 59 मिनट पर होगा. राहूकालः 12 बजकर 33 मिनट से 1 बजकर 54 मिनट तक. तीज त्योहारः कोई नहीं . भद्राः सुबह 2 बजकर 30 मिनट से दोपहर 1 बजकर 32 मिनट तक. पंचकः नहीं है.
बुधवार को उत्तर दिशा में दिशा शूल रहता है इसमें यात्रा वर्जित रहती है यदि यात्रा करना आवश्यक हो तो यात्रा प्रारम्भ करने से पहले पांच कदम उल्टे विपरीत दिशा में चले, इसके उपरान्त ही यात्रा प्रारम्भ करें. इन चौघड़िया मुहर्तो में यात्रा हरा धनिया अथवा (सफेद) तिल खा कर आरंभ कर सकते है.
चौघड़िया मुहूर्त यात्रा के लिए विशेष रूप से शुभ है और अन्य शुभ कार्यों के लिए भी शुभ है.