दिन - शनिवार🌤️ विक्रम संवत 2082🌤️ शक संवत -1947🌤️ अयन - दक्षिणायन🌤️ ऋतु - हेमंत ॠतु 🌤️ मास - कार्तिक🌤️ पक्ष - शुक्ल 🌤️ तिथि - दशमी सुबह 09:11 तक तत्पश्चात एकादशी🌤️ नक्षत्र - शतभिषा शाम 06:20 तक तत्पश्चात पूर्वभाद्रपद🌤️ योग - ध्रुव 02 नवम्बर रात्रि 02:10 तक तत्पश्चात व्याघात🌤️ राहुकाल - सुबह 09:32 से सुबह 10:57 तक🌤️ सूर्योदय - 06:42🌤️ सूर्यास्त - 06:01
👉 दिशाशूल - पूर्व दिशा मे🚩 व्रत पर्व विवरण- देवउठी-प्रबोधिनी एकादशी (स्मार्त),भीष्मपंचक व्रत प्रारंभ,पंचक💥 विशेष - *हर एकादशी को श्री विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने से घर में सुख शांति बनी रहती है l राम रामेति रामेति । रमे रामे मनोरमे ।। सहस्त्र नाम त तुल्यं । राम नाम वरानने ।।💥 आज एकादशी के दिन इस मंत्र के पाठ से विष्णु सहस्रनाम के जप के समान पुण्य प्राप्त होता है l💥 एकादशी के दिन बाल नहीं कटवाने चाहिए।💥 एकादशी को चावल व साबूदाना खाना वर्जित है | एकादशी को शिम्बी (सेम) ना खाएं अन्यथा पुत्र का नाश होता है।💥 जो दोनों पक्षों की एकादशियों को आँवले के रस का प्रयोग कर स्नान करते हैं, उनके पाप नष्ट हो जाते हैं।👉🏻 हजार एकादशियो का पुण्य सिर्फ एक दिन मे |
कार्तिक शुक्ल त्रयोदशी- नारदपुराण के अनुसार ऊर्ज्शुक्लत्रयोदश्यामेकभोजी द्विजोत्तम । पुनः स्नात्वा प्रदोषे तु वाग्यतः सुसमाहितः ।। १२२-४८ ।।
प्रदीपानां सहस्रेण शतेनाप्यथवा द्विज । प्रदीपयेच्छिवं वापि द्वात्रिंशद्दीपमालया ।। १२२-४९ ।।
घृतेन दीपयेद्द्वीपान्गंधाद्यैः पूजयेच्छिवम् । फलैर्नानाविधैश्चैव नैवेद्यैरपि नारद ।। १२२-५० ।।
ततः स्तुवीत देवेशं शिवं नाम्नां शतेन च । तानि नामानि कीर्त्यंते सर्वाभीष्टप्रदानि वै ।। १२२-५१ ।।
कार्तिक शुक्ल त्रयोदशी को मनुष्य एक समय भोजन करके व्रत रखे। प्रदोषकाल में पुनः स्नान करके मौन और एकाग्रचित्त हो बत्तीस दीपकों की पंक्ति से भगवान शिव को आलोकित करे। घी से दीपकों को जलाए और गंध आदि से भगवान शिव की पूजा करे। फिर नाना प्रकार के फलों और नैवेद्यों द्वारा उन्हें संतुष्ट करे । इस प्रकार व्रत करके मनुष्य महादेवजी के प्रसाद से इहलोक के सम्पूर्ण भोग भोगकर अंत में शिवधाम प्राप्त करता है।
कार्तिक मास : सीदलपुष्पाणि ये यच्छन्ति जनार्दने।
कार्तिके सकलं वत्स पापं जन्मार्जितं दहेत्।। (पद्मपुराण).
ब्रम्हाजी नारदजी से कहते हे- वत्स ! जो लोग कार्तिक में भगवान जनार्दन को तुलसी के पत्र और पुष्प अर्पित करते हैं, उनका जन्म भर का किया हुआ सारा पाप भस्म हो जाता है।
कार्तिक मास के अंतिम 3 दिन दिलाएं महा पुण्य पुंज :
कार्तिक मास में सभी दिन अगर कोई स्नान ना कर पाए तो त्रयोदशी, चौदस और पूनम ये तीन दिन सुबह सूर्योदय से पूर्व स्नान कर लेने से पूरे कार्तिक मास के स्नान के पुण्यो की प्राप्ति होती है l
इन तीन दिन विष्णु सहस्रनाम पाठ और गीता का पाठ भी अत्यंत प्रभावशाली और पुण्यदायी है l
पंचक
प्रारंभ: 31 अक्टूबर 2025 (शुक्रवार) सुबह 6:48 बजे
समाप्ति (उस काल की): 4 नवंबर 2025 (मंगलवार) दोपहर 12:34 बजे
जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं एवं मंगलकामनाएं !
1 नवंबर को जन्म लेने वाले आप में सूर्य की तेजस्विता और आत्मविश्वास झलकता है आप नेतृत्वकर्ता, ऊर्जावान और प्रभावशाली व्यक्तित्व वाले हैं। आपकी मुस्कान और सकारात्मक सोच से आपके आसपास का हर व्यक्ति प्रेरित होता है।
आपका व्यक्तित्व: आपमें दृढ़ निश्चय, आत्मबल और सम्मान की भावना प्रबल है। आप जिस कार्य को ठान लेते हैं, उसे पूर्ण कर के ही दम लेते हैं। दूसरों को दिशा दिखाने की स्वाभाविक क्षमता आपमें है। आपकी सोच ऊँची है और दिल उदार।
आपके लिए विशेष संकेत:
शुभ दिनांक: 1, 10, 20, 28.
शुभ अंक: 1, 10, 19, 28, 37, 46, 55.
शुभ वर्ष: 2026, 2035, 2044.
ईष्टदेव: भगवान सूर्य एवं मां गायत्री.
शुभ रंग: लाल, केसरिया, स्वर्णिम.
करियर: आपके प्रयासों का उत्तम फल इस वर्ष अवश्य मिलेगा। पदोन्नति, नए अवसर और प्रतिष्ठा में वृद्धि के योग हैं। किसी बड़े लक्ष्य की ओर कदम बढ़ाने का यह सही समय है।
परिवार एवं संबंध: घर में सुख-शांति और आनंद का वातावरण रहेगा। अविवाहितों के लिए विवाह के शुभ योग हैं। पारिवारिक सम्मान और प्रेम में वृद्धि होगी।
स्वास्थ्य: ऊर्जा से भरपूर रहेंगे। योग, सूर्य नमस्कार और नियमित दिनचर्या से लाभ होगा।
विशेष संदेश: "सूरज की तरह चमको, अंधेरों को मिटाओ; जिंदगी को मुस्कराकर, नई राह दिखाओ।"
आज का राशिफल :
♈ मेष (Aries)🔤 अक्षर: अ, ल, ई, उ, ए, ओ, वा, स्वभाव: उत्साही, राशि स्वामी: मंगल, शुभ रंग: लाल
आज का दिन आपके लिए सकारात्मक परिणाम लेकर आएगा। ससुराल पक्ष से कोई व्यक्ति आपसे मेल-मिलाप करने आ सकता है। अपनी माताजी से किसी बात को लेकर नाराज़ हो सकते हैं। संतान को संस्कारों व परम्पराओं का पाठ पढ़ाएंगे। आप उन्नति की राह पर आगे बढ़ेंगे। किसी पुरानी गलती से सबक लेना होगा। वरिष्ठ सदस्यों की सेवा करें — उनके मन की दुविधा को दूर करने का प्रयास करें।
♉ वृषभ (Taurus) - 🔤 अक्षर: ब, व, उ, ऊ, ए, ओ, स्वभाव: धैर्यवान, राशि स्वामी: शुक्र, शुभ रंग: हरा I
आज का दिन कारोबार में अच्छा रहने वाला है। किसी महत्वपूर्ण चर्चा में भाग ले सकते हैं। प्रेम जीवन में हल्की नोकझोंक संभव है। वरिष्ठ व मित्रों का पूरा साथ रहेगा। मित्र से उधार लिया धन लौटाएं। पैरों से जुड़ी कोई तकलीफ़ हो सकती है।
♊ मिथुन (Gemini) 🔤 अक्षर: क, छ, घ, ह, के, को स्वभाव: जिज्ञासु , राशि स्वामी: बुध , शुभ रंग: सफेद I
भाग्य मजबूत रहेगा। भगवान की भक्ति में मन लगेगा, पर किसी पारिवारिक सदस्य की सेहत में गिरावट से चिंता होगी। अनजान लोगों से दूरी रखें। नया काम शुरू करने का शुभ समय है। शेयर बाज़ार में निवेश सोच-समझकर करें।
♋ कर्क (Cancer) 🔤 अक्षर: ड, ड़, ह, ही, हू, हे, हो, डा , स्वभाव: भावुक, राशि स्वामी: चंद्र , शुभ रंग: पीला I
वाद-विवाद से बचें। कार्य जिम्मेदारी से करें। छोटे कर्मचारियों की गलतियाँ माफ़ करें। कोई कानूनी मामला तनाव दे सकता है, अच्छे सलाहकार से राय लें। व्यर्थ चिंताएँ दूर होंगी।
♌ सिंह (Leo) 🔤 अक्षर: म, ट, ता, टी, टू, टे, टो , स्वभाव: आत्मविश्वासी , राशि स्वामी: सूर्य , शुभ रंग: नीला I
नए घर या संपत्ति ख़रीदने का योग है। करियर में राहत मिलेगी। पारिवारिक विषयों को घर में मिल-बैठकर निपटाएं। राजनीति या सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों को निर्णय सोच-समझकर लेना चाहिए।
♍ कन्या (Virgo) 🔤 अक्षर: प, ठ, ण, ट, पे, पो, श , स्वभाव: मेहनती , राशि स्वामी: बुध , शुभ रंग: हरा I
निवेश संबंधी मामलों में लाभ मिलेगा। मेहनत से पीछे न हटें। स्वास्थ्य में कुछ परेशानी हो सकती है। संतान की प्रगति से हर्ष होगा। घर-परिवार में प्रसन्नता का माहौल रहेगा।
♎ तुला (Libra) 🔤 अक्षर: र, त, रो, रा, री, तू , स्वभाव: संतुलित , राशि स्वामी: शुक्र , शुभ रंग: गोल्डन I
ऊर्जा से भरपूर रहेंगे। काम से बॉस प्रसन्न रहेंगे, प्रमोशन की संभावना है। महिला मित्रों से दूरी रखें। कुछ मनमौजी खर्च बढ़ सकते हैं। जीवनसाथी से कोई सरप्राइज उपहार मिल सकता है।
♏ वृश्चिक (Scorpio) 🔤 अक्षर: न, य, नी, यू, ने, नो, ना , स्वभाव: रहस्यमय , राशि स्वामी: मंगल , शुभ रंग: गुलाबी I
भावनाओं में बहकर निर्णय न लें। जिद्द से बचें। रुका धन मिलने से प्रसन्नता होगी। कार्यक्षेत्र में विरोधियों से सावधान रहें। विद्यार्थी वर्ग के लिए शुभ समाचार संभव है।
♐ धनु (Sagittarius) 🔤 अक्षर: भ, ध, फ, ढ, भे, भो, धा, फा, फो, स्वभाव: दयालु , राशि स्वामी: गुरु , शुभ रंग: आसमानी I
नए संपर्क लाभ देंगे। सामाजिक कार्यों से सम्मान मिलेगा। सरकारी योजनाओं में निवेश लाभदायक रहेगा। शुभ सूचना मिलने पर जल्दबाज़ी से बचें। कार्यों में निरंतरता रखें।
♑ मकर (Capricorn) 🔤 अक्षर: ख, ज, ग, गा, गी, गु, गे, गो -स्वभाव: अनुशासित, राशि स्वामी: शनि, शुभ रंग: नीला i
मान-सम्मान बढ़ेगा। कोई पुरानी गलती उजागर हो सकती है। बिना मांगे सलाह न लें। उधार दिया पैसा लौट सकता है। परिवार में प्रसन्नता रहेगी। पिता से सहयोग मिलेगा।
♒ कुंभ (Aquarius) - 🔤 अक्षर: स, श, ष, सी, सू, से, सो , स्वभाव: मानवतावादी , राशि स्वामी: शनि , शुभ रंग: ग्रे I
व्यक्तित्व में निखार आएगा। आत्मविश्वास बढ़ेगा। तनाव कम होगा। स्वास्थ्य की उपेक्षा न करें। मन की इच्छा पूरी होने के योग हैं। रुका धन प्राप्त होगा।
♓ मीन (Pisces) : 🔤 अक्षर: द, च, झ, थ, दी, दू, दे, दो , स्वभाव: संवेदनशील, राशि स्वामी: बृहस्पति, शुभ रंग: सफेद I
रोज़गार की तलाश वालों के लिए शुभ दिन। खर्चों पर नियंत्रण रखें। विदेश से व्यापार में लाभ संभव है। संतान को ज़िम्मेदारी सौंप सकते हैं। आर्थिक स्थिति मज़बूत होगी।











